Soldiers Identified Killed in US Plane Crash: अमेरिका की राजधानी वाशिंगटन DC में पैसेंजर प्लेन और मिलिट्री हेलीकॉप्टर आपस में टकराकर क्रैश हो गए थे। टक्कर लगते ही जेट प्लेन और चॉपर में आग लग गई और मलबा नीचे पोटोमैक नदी में गिर गया। हादसे में प्लेन और चॉपर में सवार सभी लोग मारे गए। करीब 67 लोग मारे गए हैं, जिनमें से 40 की लाशें नदी से बरामद हो चुकी हैं।
वहीं हादसे में मारे गए हेलीकॉप्टर में सवार अमेरिका सेना के 3 जवानों की शिनाख्त भी हो चुकी है। अमेरिकी सेना ने इन तीनों के फोटो और पहचान जारी की। हालांकि परिवारों के अनुरोध पर पहले इनके नाम छिपाए गए थे, लेकिन उठते सवालों के चलते अमेरिकी सेना ने इनकी पहचान उजागर कर दी, क्योंकि हादसे के लिए कहीं न कहीं मिलिट्री चॉपर को जिम्मेदार ठहराया जा रहा है, जिसे ठीक 2 मिनट पहले आस-पास पैसेंजर प्लेन होने की जानकारी मिल गई थी, बावजूद इसके वे टक्कर होने से नहीं रोक पाए।
परिवार वाले नहीं चाहते थे कि पहचान उजागर हो
NDTV की रिपोर्ट के अनुसार, हादसे में नॉर्थ कैरोलिना के डरहम शहर की निवासी कैप्टन रेबेका लोबाच मारी गई हैं। वे 2019 से अमेरिकी सेना में पायलट थीं। उन्हें 12वीं एविएशन बटालियन, फोर्ट बेलवोइर, वर्जीनिया में नियुक्त किया गया था। लोबाच के परिवार ने उसकी पहचान उजागर नहीं करने का अनुरोध अमेरिकी सेना से किया था, लेकिन मनाने के बाद वे पहचान दुनिया को बताने के लिए राजी हो गए।
हादसे में मारे गए अन्य 2 सैनिकों की पहचान स्टाफ सार्जेंट रयान ऑस्टिन ओ’हारा, (28) और चीफ वारंट ऑफिसर 2 एंड्रयू लोयड ईव्स, (39) के रूप में हुई। पैसेंजर प्लेन में 60 पैसेंजर और 4 क्रू मेंबर्स थे, जिनके नाम ऑफिशियली जारी नहीं किए गए, लेकिन कई मृतकों की पहचान उनके परिजनों ने सोशल मीडिया पर की है। हादसे में भारतीय मूल के 2 लोग भी मारे गए हैं। इनमें GE एयरोस्पेस कंपनी में इंजीनियार विकेश पटेल और वाशिंगटन DC में बतौर कंसल्टेंट काम करने वाली असरा हुसैन रजा शामिल हैं।
हादसे का कारण हाइट और नाइट विजन गॉगल्स
अमेरिका के गृह सुरक्षा विभाग की सचिव क्रिस्टी नोएम ने हादसे की पुष्टि करते हुए बताया कि अमेरिकन एयरलाइंस की फ्लाइट 5342 ने कनाडा में बने बॉम्बार्डियर CRJ-701 ट्विन-इंजन जेट प्लेन में कंसास के विचिटा एयरपोट से उड़ान भरी थी। 70 पैसेंजरों की क्षमता वाला यह विमान वाशिंगटन के रोनाल्ड रीगन इंटरनेशनल एयरपोर्ट से 5 किलोमीटर पहले अमेरिकी सेना के चॉपर ब्लैक हॉक से टकरा गया और क्रैश होकर दोनों पोटोमैक नदी में गिर गए।
हादसे के बाद मिले ब्लैक बॉक्स और कॉकपिट रिकॉर्डर से पिता चला है कि ATC ने हादसे से 2 मिनट पहले हेलीकॉप्टर पायलट और क्रू को CRJ701 की नजदीकी उपस्थिति के बारे में सचेत किया था। हादसे के समय जेट प्लेन करीब 400 फीट से ज्यादा ऊंचाई पर था और 140 मील प्रति घंटे यानी 225 किलोमीट प्रति घंटे की रफ्तार से उड़ान पर था कि अचानक इसकी ऊंचाई कम होने लगी, क्योंकि लैंडिंग होने वाली थी।
वहीं सेना का चॉपर 200 फीट (61 मीटर) से अधिक ऊंचाई पर उड़ रहा था, ATC के रडार रिकॉर्ड से यह पता चला, लेकिन इसकी पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन पता होने के बावजूद की आस-पास पैसेंजर प्लेन है, हेलीकॉप्टर बचाव क्यों नहीं कर पाया? यह पता लगाने का प्रयास नेशनल ट्रांसपोर्ट सेफ्टी बोर्ड कर रहा है।
हादसे का एक कारण नाइट विजन गॉगल्स नहीं लगाना भी हो सकता है, क्योंकि रिकॉर्ड डेटा से पता चला है कि जब पैसेंजर प्लेन को पता चला कि आस-पास हेलीकॉप्टर है तो पायलट ने विमान को ऊपर ले जाने की कोशिश की थी और ट्रैफिक, ट्रैफिक, ट्रैफिक करके शोर भी मचाया था, लेकिन फिर भी हेलीकॉप्टर से उसकी टक्कर हो गई।
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