Earthquake Tremors Occured in Taiwan: भूकंप के झटकों से एक बार फिर धरती हिली है। आज 21 जनवरी दिन मंगलवार की सुबह भारतीय समयानुसार करीब डेढ़ बजे ताइवान में भूकंप आया। ताइवान के दक्षिणी इलाके में भूकंप के झटके लगे। अमेरिका के भूगर्भिक सर्वेक्षण विभाग (USGS) ने भूकंप की पुष्टि की और बताया कि ताइवान में आए भूकंप से 15 लोगों के घायल होने की खबर है। भूकंप की तीव्रता रिक्टर स्केल पर 6.4 रही।
भूकंप का केंद्र ताइवान के ही युजिंग शहर से 12 किलोमीटर दूर उत्तर दिशा में मिला। ताइवान अग्निशमन विभाग के अनुसार, घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है। घायलों में एक बच्चा शामिल है। वहीं 6 घायल वे लोग हैं, जिन्हें ताइनान शहर के नानक्सी जिले में भूकंप से ध्वस्त हुए मकान के मलबे से निकाला गया। भूकंप के असर से स्टेट हाईवे पर बना झूवेई पुल भी क्षतिग्रस्त हुआ है, लेकिन किसी की मौत होने की खबर नहीं है।
ताइवान में काफी तबाही मचा चुके भूकंप
मिंट की रिपोर्ट के अनुसार, अप्रैल 2023 में भी ताइवान में भूकंप के झटके लगे थे। हुआलियन शहर में करीब 7.4 की तीव्रता वाला भूकंप आया था, जिसमें 13 लोगों की जान चली गई थी और एक हजार से ज्यादा लोग घायल हुए थे। ताइवान देश प्रशांत महासागर में रिंग ऑफ फायर पर स्थित है, इसलिए इस देश में अकसर भूकंप आता है। क्योंकि ताइवान 2 टेक्टोनिक प्लेटों के बीच बसा है, इसलिए भूकंप के सबसे संवेदनशील जोन में आता है। साल 2016 में ताइवान में जो भूकंप आया था, उसमें 100 से ज्यादा लोग मारे गए थे। साल 1999 में 7.3 तीव्रता का भूकंप ताइवान में आया था और करीब 2000 लोग मारे गए थे। इसलिए ताइवान की सरकार समय-समय पर लोगों केा अलर्ट करती रहती है और वहां के लोग भूकंप जैसी आपदा से निपटने को हमेशा तैयार रहते हैं।
तिब्बत के एक शहर का नाम मिटा चुका भूकंप
बता दें कि गत 7 जनवरी को भारत के पड़ोसी देश तिब्बत में भीषण भूकंप आया था, जिसकी तीव्रता रिक्टर स्केल पर 6.8 थी। इतनी तीव्रता वाले भूकंप ने दुनिया की सबसे ऊंची चोटी माउंट एवरेस्ट के पास बसे शिगात्से शहर को मलबे के ढेर में बदल दिया। इस शहर पर चीन का कब्जा है। भूकंप से तिब्बत में करीब 130 लोग मारे गए थे। इस भूकंप के बाद आज तक तिब्बत में हर रोज भूकंप के झटके लग रहे हैं। इस भूकंप का केंद्र केंद्र माउंट एवरेस्ट से 80 किलोमीटर (50 मील) दूर उत्तर में स्थित तिब्बत की टिंगरी काउंटी में मिला और करीब 10 किलोमीटर की गहराई में भूकंप की तरंगे उठीं। भूकंप भारतीय समयानुसान सुबह करीब 9:05 बजे आया था। भूकंप का असर चीन, नेपाल, भूटान और भारत के कुछ जिलों के अलावा बांग्लादेश में भी महसूस किया गया।