TrendingAyodhya Ram MandirDharmendra & Hema MaliniBigg Boss 19Gold Price

---विज्ञापन---

ज्ञानवापी सर्वे पर इलाहाबाद HC का फैसला आते ही सामने आए इन सांसदों के बयान, जानें किसने-क्या कहा?

Gyanvapi Row: वाराणसी के ज्ञानवापी मस्जिद परिसर के सर्वे को लेकर इलाहाबाद हाईकोर्ट के अहम फैसला आया है। हाईकोर्ट ने वाराणसी कोर्ट की ओर से दिए गए सर्वे के आदेश को जारी रखा है। अब इस मामले को लेकर संत समाज और जनप्रतिनिधियों की प्रतिक्रियां सामने आ रही हैं। भाजपा सांसद निरंजन ज्योति, भाजपा सांसद […]

Gyanvapi Row: वाराणसी के ज्ञानवापी मस्जिद परिसर के सर्वे को लेकर इलाहाबाद हाईकोर्ट के अहम फैसला आया है। हाईकोर्ट ने वाराणसी कोर्ट की ओर से दिए गए सर्वे के आदेश को जारी रखा है। अब इस मामले को लेकर संत समाज और जनप्रतिनिधियों की प्रतिक्रियां सामने आ रही हैं। भाजपा सांसद निरंजन ज्योति, भाजपा सांसद प्रज्ञा ठाकुर और सांसद हेमा मालिनी का बयान सामने आया है।

सांसद निरंत ज्योति ने कहा, हमारे पास सारे सबूत

न्यूज एजेंसी एएनआई के अनुसार, इलाहाबाद हाईकोर्ट द्वारा ज्ञानवापी मस्जिद के एएसआई को अनुमति देने पर भाजपा सांसद निरंजन ज्योति ने कहा कि अदालत सबूतों के आधार पर चलती है और सारे सबूत वहां (ज्ञानवापी मस्जिद पर) मौजूद हैं। किसी भी मस्जिद में 'त्रिशूल' नहीं होता है, किसी भी मस्जिद में कमल का फूल नहीं होता है और न ही किसी भी मस्जिद में देवी लक्ष्मी की मूर्ति नहीं है। ये सभी सबूत ही हैं।

भाजपा सांसद प्रज्ञा ठाकुर बोलीं, अब वक्त आ गया

निरंजन ज्योति के अलावा भाजपा सांसद प्रज्ञा सिंह ठाकुर ने भी अपनी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि यह देश के लिए और 'सनातन धर्मियों' के लिए बहुत महत्वपूर्ण फैसला है। स्वतंत्र भारत में समय आ गया है कि हम गुलामी के संकेतों को मिटा दें और सच्चाई को उजागर करें। उन्होंने कहा कि यह हमारे लिए एक सम्मानजनक निर्णय है और हमें इस पर भरोसा है।

हेमा मालिनी बोलीं- जल्द आना चाहिए अंतिम फैसला

मथुरा की सांसद हेमा मालिनी ने भी ज्ञानवापी मस्जिद परिसर के सर्वे को लेकर आए फैसले पर अपनी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि जल्द ही इस मामले में अंतिम फैसला आना चाहिए। नहीं तो कुछ न कुछ होता रहेगा। इसके अलावा भाजपा सांसद हेमा मालिनी ने कहा कि मथुरा जन्मभूमि मामले में भी सही फैसला आना चाहिए।

वाराणसी के डीएम बोले- हम तैयार

इनके अलावा, वाराणसी के जिलाधिकारी एस राजलिंगम ने कहा कि ज्ञानवापी मस्जिद के एएसआई सर्वे पर इलाहाबाद हाईकोर्ट का फैसला आया है। इस मामले में जब हमें किसी भी मदद के संबंध में एएसआई से पत्राचार मिलेगा, तो जिला प्रशासन सहायता प्रदान करने के लिए तैयार होगा। हालांकि उन्होंने कहा कि हमें अभी तक एएसआई से कोई संदेश नहीं मिला है। उत्तर प्रदेश की खबरों के लिए यहां क्लिक करेंः-


Topics: