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दिल्ली चुनाव में बसपा की 68 सीटों पर जमानत जब्त, ओवैसी ने किया कमाल

Delhi Election 2025 Results: दिल्ली विधानसभा चुनाव 2025 में मायावती की पार्टी बसपा को ओवैसी से भी कम वोट मिले। बसपा ने दिल्ली चुनाव में 68 सीटों पर उम्मीदवार उतारे थे। वहीं 43 सीटों पर उसे नोटा से भी कम वोट मिले।

BSP Performance in Delhi Elections
BSP Performance in Delhi Elections: मायावती की बसपा ने भी दिल्ली चुनाव में 68 सीटों पर उम्मीदवार उतारे। 2025 के विधानसभा चुनाव में बसपा को सिर्फ 0.25 प्रतिशत वोट मिले, इस बार उसका प्रदर्शन एआईएमआईएम से भी नीचे रहा। ओवैसी की पार्टी ने सिर्फ 5 सीटों पर चुनाव लड़ा और 0.78 प्रतिशत वोट मिले। बसपा को सबसे ज्यादा वोट रिजर्व सीट देवली में मिले। इस सीट पर बसपा प्रत्याशी को 2581 वोट मिले। बता दें कि एक समय में दिल्ली में बसपा के विधायक हुआ करते थे। 2008 के विधानसभा चुनाव में पार्टी के 2 विधायक थे। वक्त के साथ-साथ ग्राफ गिरता चला गया। 2008 के चुनाव में बसपा का वोट शेयर 14 प्रतिशत से ज्यादा था। 2013 के चुनाव में बसपा का वोट शेयर 5.35 प्रतिशत था जोकि 2015 में गिरकर 1.30 प्रतिशत पर पहुंच गया। 2020 के चुनाव में उसे 0.71 प्रतिशत वोट मिले।

चंद्रशेखर भी रहे बेदम

दिल्ली चुनाव में बसपा को 53 सीटों पर एक हजार से कम वोट मिले। वहीं 42 सीटें तो ऐसी थी जहां नोटा से भी कम वोट बसपा को मिले। उधर चंद्रशेखर की पार्टी आजाद समाज कांशीराम ने दिल्ली की 8 सीटों पर किस्मत आजमाई, एक भी सीट पर उम्मीदवार चुनाव नहीं जीत पाया। उनकी पार्टी के प्रत्याशी को नार्थ ईस्ट दिल्ली में सबसे अधिक 3080 वोट मिले। ये भी पढ़ेंः Delhi Elections Result: जाट-गुर्जर और सिखों ने BJP को दिया बंपर वोट, AAP के दलित वोट बैंक में लगाई सेंध

5 सीटों पर चुनाव लड़ी AIMIM

ओवैसी की पार्टी ने दिल्ली की 2 सीटों मुस्तफाबाद और ओखला में अपने प्रतिद्वंदी को कड़ी टक्कर दी। मुस्तफाबाद में ओवैसी की पार्टी के उम्मीदवार ताहिर हुसैन को 33470 वोट मिले। इस कारण बीजेपी के मोहन सिंह बिष्ट 17 हजार के अंतर से चुनाव जीत गए। जबकि ओखला में ओवैसी की पार्टी को 39558 वोट मिले, हालांकि यहां पर आप प्रत्याशी अमानतुल्लाह खान 23 से अधिक वोटों से जीत दर्ज करने में कामयाब रहे। ये भी पढ़ेंः Delhi Elections Result: महिलाओं ने चौंकाया, पुरुषों से ज्यादा वोटिंग कर बदल दिया निजाम


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