हमारे साथ जुड़ें X IG YT FB
Trending: CJP ProtestGyanesh KumarSIRBigg Boss 20

CP राधाकृष्णन को क्यों कहा जाता है तमिलनाडु का मोदी? RSS से की थी शुरुआत

CP राधाकृष्णन को तमिलनाडु का मोदी कहा जाता है क्योंकि वह भारतीय जनता पार्टी (BJP) के एक प्रमुख और सम्मानित नेता हैं जिन्होंने तमिलनाडु में पार्टी को मजबूत करने में अहम भूमिका निभाई है। राधाकृष्णन 16 साल की उम्र में RSS में शामिल हो गए और लंबे समय तक जनसंघ और भाजपा से जुड़े रहे।

विज्ञापन
उपराष्ट्रपति पद के उम्मीदवार सीपी राधाकृष्णन और पीएम मोदी

बीजेपी ने उपराष्ट्रपति पद के लिए सीपी राधाकृष्णन को उम्मीदवार बनाया है। महाराष्ट्र के राज्यपाल CP राधाकृष्णन के नाम का ऐलान होने के बाद उनकी हर तरफ चर्चा होने लगी है। सीपी राधाकृष्णन को तमिलनाडु का मोदी भी कहा जाता है। आखिर उन्हें तमिलनाडु का मोदी क्यों कहा जाता है आइए इसके बारे में आपको बताते हैं।

क्यों कहा जाता है तमिलनाडु का मोदी?

CP राधाकृष्णन को तमिलनाडु का मोदी कहा जाता है क्योंकि वह भारतीय जनता पार्टी (BJP) के एक प्रमुख और सम्मानित नेता हैं जिन्होंने तमिलनाडु में पार्टी को मजबूत करने में अहम भूमिका निभाई है। उनकी तुलना नरेंद्र मोदी से की जाती है क्योंकि वे दोनों राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) की पृष्ठभूमि से आते हैं और अपने मजबूत नेतृत्व, संगठनात्मक कौशल और जनता से जुड़ने की क्षमता के लिए जाने जाते हैं।

ये भी पढ़ें: आजादी से अबतक कौन कब-कब रहा उपराष्ट्रपति, देखें पूरी लिस्ट

विज्ञापन

19,000 किलोमीटर लंबी रथ यात्रा का किया था नेतृत्व

राधाकृष्णन 16 साल की उम्र में RSS में शामिल हो गए और लंबे समय तक जनसंघ और भाजपा से जुड़े रहे। उन्होंने तमिलनाडु में भाजपा के लिए बड़े पैमाने पर काम किया, जैसे कि 19,000 किलोमीटर लंबी रथ यात्रा का नेतृत्व करना और विभिन्न सामाजिक मुद्दों पर जागरूकता अभियान चलाना। इसके अलावा, उनकी सक्रियता, विकासोन्मुखी दृष्टिकोण और कठिन परिस्थितियों में भी पार्टी को आगे ले जाने की क्षमता मोदी की नेतृत्व शैली से जुड़ी हुई है।

मोदी सरकार ने RSS को किया खुश

भाजपा ने सीपी राधाकृष्णन के नाम की घोषणा करके RSS को भी खुश कर दिया है। राधाकृष्णन 16 साल की उम्र से ही RSS से जुड़े रहे हैं। वे 1974 में भारतीय जनसंघ की राज्य कार्यकारिणी के सदस्य बने थे। भाजपा ने उपराष्ट्रपति पद के उम्मीदवार के रूप में राधाकृष्णन के नाम की घोषणा करके एक तीर से कई निशाने साधे हैं।

विज्ञापन

ये भी पढ़ें: पीएम मोदी ने सीपी राधाकृष्णन को दी बधाई, BJP ने बनाया है उपराष्ट्रपति पद का उम्मीदवार

उपराष्ट्रपति चुनाव कब होंगे?

चुनाव आयोग के अनुसार, उपराष्ट्रपति पद के लिए चुनाव 9 सितंबर को होंगे। चुनाव आयोग की अधिसूचना के अनुसार, नामांकन दाखिल करने की अंतिम तिथि 21 अगस्त है और दस्तावेजों की जांच 22 अगस्त को होगी।

विज्ञापन

ये भी पढ़ें: कौन हैं CP राधाकृष्णन? जिन्हें NDA ने बनाया उपराष्ट्रपति पद के लिए उम्मीदवार

संबंधित खबरें

न्यूज 24 पर पढ़ें देश, राष्ट्रीय समाचार (National News), खेल, मनोरंजन, धर्म, लाइफ़स्टाइल, हेल्थ, शिक्षा से जुड़ी हर खबर। ब्रेकिंग न्यूज और लेटेस्ट अपडेट के लिए News 24 App डाउनलोड कर अपना अनुभव शानदार बनाएं।

First published on:

Know More: Editorial Guidelines

लेख समाप्त

ताज़ा खबरें

Sponsored Links by Taboola