संसद में वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण 9वीं बार बजट पेश कर रही हैं। बजट भाषण में वित्त मंत्री ने कहा कि यह कर्तव्य भवन में तैयार किया गया पहला बजट है, इसलिए हम तीन कर्तव्यों से प्रेरित हैं। बताया कि पहला कर्तव्य है, उत्पादकता और प्रतिस्पर्धात्मकता बढ़ाकर तथा अस्थिर वैश्विक परिस्थितियों के प्रति लचीलापन विकसित करके आर्थिक विकास को गति देना और उसे बनाए रखना।
दूसरा कर्तव्य है अपने लोगों की आकांक्षाओं को पूरा करना और उनकी क्षमता का निर्माण करना, ताकि वे भारत की समृद्धि के पथ में सशक्त भागीदार बन सकें।
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तीसरा कर्तव्य, जो 'सबका साथ सबका विकास' की परिकल्पना के अनुरूप है, यह सुनिश्चित करना है कि प्रत्येक परिवार, समुदाय, क्षेत्र और वर्ग को सार्थक भागीदारी के लिए संसाधनों, सुविधाओं और अवसरों तक पहुंच प्राप्त हो।
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