Earthquake In Delhi NCR: दिल्ली-एनसीआर में शुक्रवार की रात करीब भूकंप के तेज झटके आए। उत्तर प्रदेश और बिहार में भी कई जगहों पर झटके महसूस किए। झटके इतने तेज थे कि लोग अपने-अपने घरों से बाहर निकल आए। रिक्टर स्केल पर भूकंप की तीव्रता 6.4 मापी गई है। भूकंप का सेंटर नेपाल था। फिलहाल अभी तक किसी जनहानि की खबर नहीं है।
इससे पहले 22 अक्टूबर को दिल्ली-एनसीआर में भूकंप आया था। उस वक्त तीव्रता 6.1 थी। वहीं, 3 अक्टूबर को भी दिल्ली-एनसीआर में भूकंप के झटके आए थे। उस वक्त रिक्टर स्केल पर भूकंप की तीव्रता 6.2 थी। ये साल में तीसरी बार है जब वेस्ट नेपाल में तेज भूकंप के झटके आए हैं।
नेपाल था भूकंप का सेंटर
नेशनल सेंटर फॉर सीस्मोलॉजी के अनुसार, रात 11:32 बजे पहला झटका महसूस किया गया। इसके बाद एक मिनट से ज्यादा समय तक धरती डोलती रही। बड़ी इमारतों की खिड़कियों के शीशे, दरवाजे हिलने लगे। भूकंप का सेंटर नेपाल था। इसकी गहराई 10 किमी थी।
क्यों आता है भूकंप?
भूकंप तब आता है, जब पृथ्वी के अंदर प्लेट्स अचानक हिल जाती हैं। इससे इमारतें और फर्नीचर जैसी चीजों में कंपन महसूस होता है। तीव्रता अधिक होने पर इमारतें गिर जाती हैं।
कैसे सुरक्षित रहें?
भूकंप खतरनाक हो सकते हैं, इसलिए सुरक्षित रहना महत्वपूर्ण है। यदि भूकंप आने पर आप घर के अंदर हैं, तो सबसे सुरक्षित काम यह है कि आप जमीन पर लेट जाएं। किसी मजबूत मेज या डेस्क के नीचे छिप जाएं। तब तक रुके रहें जब तक झटके बंद न हो जाएं। यदि आप बाहर हैं, तो इमारतों और पेड़ों और बिजली के खंभों जैसी ऊंची वस्तुओं से दूर रहें।