Green Energy: देश में हरित ऊर्जा (Green Energy) के क्षेत्र में बढ़ती लोगों की दिलचस्पी बता रही है कि जल्द ही भारत न्यू एनर्जी उत्पादन के क्षेत्र में नया कीर्तिमान गढ़ सकता है। वर्तमान की बात करें तो भारत में बिजली की खपत बढ़ रही है और ग्रीन एनर्जी सबसे आकर्षक विकल्प बन गया है। एक आंकड़े के मुताबिक, 2022 में भारत में जोड़ी गई 92 फीसदी न्यू पॉवर अकेले सोलर और एयर पर आधारित थी। हरित ऊर्जा इस प्रकार देश में ऊर्जा का लगभग एकमात्र स्रोत बनता जा रहा है।
सौर पैनल से बचाएं अपनी कमाई
वहीं निवेशक भी पैसा लगाने और रिटर्न पाने के लिए इस सेक्टर में तेजी से निवेश कर रहे हैं। ऐसा कहना है लूम सोलर (Loom Solar) के सहसंस्थापक अमोल आनंद का। उनका कहना है कि उन्होंने ग्रीन एनर्जी के तहत ऐसे काफी सारे प्रोडक्टस बनाएं हैं जो आम आदमी के खर्च को काफी हद तक बचा सकते हैं और तो और इसके साथ ही लोग सरकार से भारी सब्सिडी भी पा सकते हैं।
ग्रीन एनर्जी के क्षेत्र में रोजगार की अपार संभावनाएं
जहां देश में बेरोजगारी का संकट छाया हुआ है ऐसे में सरकार की कुछ ऐसी योजनाएं भी हैं जो यदि आम आदमी तक पहुंच जाए तो वह सुख-चैन के साथ अपना सुखद जीवन बिता सकता है। अमोल आनंद बताते हैं कि भारत सरकार लगातार हरित ऊर्जा को बढ़ावा दे रही है। निश्चित तौर पर यह हरित क्रांति का युग है। उनका कहना कि यह योजना न केवल उपभोक्ता के लिए है बल्कि देश का कोई भी नागरिक डिस्ट्रीब्यूटर बनकर उनके साथ जुड़कर लाभ कमा सकता है। प्रत्येक शहर में उनका एक डिस्ट्रीब्यूटर नियुक्त है। बेहद कम निवेश के साथ अपने व्यापार की शुरुआत की जा सकती है। सरकारी मदद के अलावा बैंक भी हाथ बढ़ा रहे हैं। इसमें कोई भी व्यक्ति एक महीने में 30 हजार से लेकर 1 लाख रुपए तक कमा सकता है।
सौर पैनलों में भी सुपर SHARK Bi-Facial Solar Panel
यह लूम सोलर द्वारा निर्मित सौर पैनलों की सुपर हाई-दक्षता (High-efficiency) में से एक है। शार्क बायफेशियल एक सोलर पैनल है जो आगे और पीछे से बिजली पैदा करता है। यदि शार्क बायफेशियल सोलर पैनल को ऐसी जगह स्थापित किया जाता है जो प्रकृति में रिफ्लेक्टिड होती है, जैसे कि घास, आरसीसी छत, सफेद पेंट और जमीन से 1.5 मीटर की ऊंचाई पर स्थापित होने पर इसमें 7- 20% अतिरिक्त उत्पादन हो सकता है।
SHARK सोलर पैनल जर्मनी के प्योर मोनोपर्क सोलर टेक्नोलॉजी से बने हैं। यह सामने/पीछे से बिजली उत्पन्न करता है और ग्राहक से केवल सामने की तरफ बिजली के लिए शुल्क लिया जाता है। यह उच्चतम वाट क्षमता वाला सौर पैनल है, जो स्टेबलिस लागत जैसे स्टैंड, सिविल वर्क, वायर, कनेक्टर आदि की लागत को कम करता है।
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