Thursday, July 9, 2020

अमेरिका और ऑस्ट्रेलिया ने साउथ चाइना सी में उतारे जंगी जहाज, चीन को घेरा

कोरोना का हाहाकार पूरी दुनिया पर काबिज है। हर तरफ लोग इस महामारी को और इसके कारण को कोस रहे हैं और सभी के निशाने पर है चीन। चीन की इन्हीं चालाकियों से तंग आकर अब पूरी दुनिया के देश उसके खिलाफ लामबंद होने लगे है।

नई दिल्‍ली: कोरोना का हाहाकार पूरी दुनिया पर काबिज है। हर तरफ लोग इस महामारी को और इसके कारण को कोस रहे हैं और सभी के निशाने पर है चीन। चीन की इन्हीं चालाकियों से तंग आकर अब पूरी दुनिया के देश उसके खिलाफ लामबंद होने लगे है। साउथ चाइना सी में चीन को चुनौती देने के लिए अमेरिका और ऑस्ट्रेलिया ने जंगी जहाज उतार दिए हैं तो वहीं दूसरे मुल्क भी चीन को सबक सिखाने का मन बना चुके हैं।

चीन की चालाकियों से अब दुनिया के कई मुल्क आजिज़ आ चुके हैं। कोरोना से जंग लड़ने वाले मुल्कों को जब पता चला कि चीन अपनी हरकतों से अब भी बाज आने को तैयार नहीं तो उन्होनें भी चीन को सबक सिखाने का मन बना लिया है। इस टेंशन का सेटंर बना है साउथ चाइन सी, जहां चीन कोरोना के इस मृत्युकाल में भी इस इलाके में अपनी विवादित गतिविधियों को तेजी से अंजाम दे रहा था। चीन को लगा कि पूरी दुनिया कोरोना से लड़ने में बिजी है और वो इस मौके का फायदा भी उठा लेना चाहता था। लेकिन चीन पर पहले से आगबबूला बैठा अमेरिका उसके रास्ते का कांट बन गया।

साउथ चाइना सी में अमेरिकी 3 जंगी जहाजों का बेड़ा ले पहुंचा और उसका साथ देने के लिए ऑस्ट्रेलिया का WAR SHIP भी आ पहुंचा है। अमेरिका के जंगी जहाज का साउथ चाइना सी के विवादित क्षेत्र में होने का सीधा मतलब चीन को सीधी चुनौती है। मलेशियन कोस्ट के इलाके में एक मलेशियन ऑइल कंपनी का शिप यहां खोजी काम में जुटा था और कथित तौर पर एक चीनी जहाज जिसका नाम Haiyang Dizhi 8 है, वो लगातार उसकी जासूसी कर रहा था। कहा जा रहा है कि ये जहाज भी इस इलाके में तेल की खोज के काम में जुटा है। ये जहाज लगातार एक चीनी कोस्टगार्ड के जहाज के साथ लगातार इस इलाके में सिस्मिक सर्वे कर रहा था।

इसी इलाके की सामरिक महत्ता के चलते नजदीक ही ऑस्ट्रेलियन वार शिप और अमेरिका जहाज का जंगी बेड़ा भी गश्त लगा रहा था। दरअसल जब से कोरोना की महामारी फैली है तभी से चीन ने इस इलाके में अपनी आपत्तीजनक गतिविधियों को बढ़ा दिया था। ये वही इलाका है, जहां से दुनिया के एक तिहाई जहाजों को गुजरना पड़ता है और इस इलाके पर प्रभुत्व का मतलब है पूरी दुनिया के रास्ता को जब चाहे रोकने की क्षमता होना।

चीन इस इलाके में किस तरह की चालबाजियों से दूसरों को परेशान करने में लगा है…

  • इस साल जनवरी से ही चीन सरकार के कोस्टगार्ड, समुद्री बल लगातार इस इलाके में गश्त कर रहे हैं
  • चीन सेना लगातार आसपास के क्षेत्रीय समुद्री बलों को परेशान कर रहे हैं
  • चीनी सेना पर स्थानीय मछुआरों को बेवजह परेशान करने के आरोप
  • हाल ही में वियतनाम के एक फिशिंग बोट को डुबाने के आरोप लगे
  • पिछले महीने चीन ने दो नए रिसर्च स्टेशन बनाए
  • दोनों रिसर्च स्टेशन एक मानव निर्मित चट्टान पर बनाए गए
  • जिस इलाके में रिसर्च स्टेशन बने वो फिलीपींस के कब्जे वाला क्षेत्र है
  • रिसर्च के नाम पर यहां जंगी साजो-सामान और मिलिट्री रनवे भी बनाया गया
  • चीन ने दूसरे मुल्कों के इस इलाके पर दावे को नकारा
  • चीन ने कहा जो इलाके थे वो डूबे हुए थे। इसलिए वो किसी देश की मल्कियत नहीं

लगातार चीनी हरकतों ने नाराज अमेरिका ने यहां अपना जंगी बेड़ा भेजा और सरकार ने अपने इस कदम को सार्वजनिक करते हुए कहा कि हमारे जंगी जहाजों का एक बेड़ा इस वक्त साउथ चाइना सी में ऑपरेट कर रहा है। इस बेड़े में एक अमेरिकी असॉस्ट जहाज, एक बंकर हिल जहाज और एक गाइडेड मिसाइल क्रूजर शामिल है। इतना ही नहीं अमेरिकी जंगी बेड़े की मदद के लिए अब ऑस्ट्रेलिया का एक जंगी जहाज भी इस इलाके में पहुंच चुका है। ऑस्ट्रेलिया के जंगी जहाज HMAS Parramatta की आमद के बाद ये तय हो गया है कि दुनिया के दूसरे मुल्क अब चीनी दादागीरी को बर्दाश्त करने वाले नहीं हैं।

इतना ही नहीं चीन के अलावा भी इस वक्त सुपरपावर अमेरिका का माथा ठनका हुआ है और वो ईरान को भी उसकी हरकतों के चलते चेता चुका है। अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने नेवी को निर्देश दिया है कि अगर ईरानी युद्धपोत हमारे जहाज को परेशान करते हैं तो उन्हें शूट कर दिया जाए। ट्रंप ने यह आदेश ऐसे वक्त में दिया है जब करीब एक सप्ताह पहले फारस की खाड़ी में अमेरिका के युद्धपोत को 11 लड़ाकू जहाजों द्वारा घेरने की खबर सामने आई थी। अमेरिकी नौसेना ने इसे खतरनाक और भड़काने वाला करार दिया था। ट्रंप ने ट्वीट किया, ”मैंने अमेरिकी नेवी को निर्देश दिया है कि अगर समुद्र में हमारे जहाजों को परेशान किया जाता है तो किसी भी और सभी ईरानी गनबोट को शूट कर नष्ट कर दें।”

जाहिर है चीन की हरकतों का खामियाजा दुनिया और नहीं भुगतना चाहती और इसीलिए अब ये तय है कि चीन को उसके किए की सजा मिलेगी। जानकार मानते हैं कि अगर ऐसे ही तनाव बढ़ता रहा तो ये विश्व युद्ध की आशंका को ट्रिगर कर सकता है। इसलिए पूरी दुनिया चीन के खिलाफ होती इस घेराबंदी को गौर से देख रही है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -

Most Popular

आतंकियों ने की बीजेपी नेता, पिता और भाई की हत्‍या

जम्मू-कश्मीर के बांदीपोरा में आतंकियों ने बीजेपी नेता वसीम बारी के साथ ही उनके पिता और भाई की भी हत्या कर दी। कश्मीर के...

दो दिन तक कानपुर में ही मौजूद था विकास दुबे

https://www.youtube.com/watch?v=dtNSLrPRUqA&t=79s विकास दुबे को लेकर एक बड़ा खुलासा हुआ है। 8 पुलिसकर्मियों की जान लेने के बाद भी विकास दुबे दो दिन तक कानपुर में...

आज फिर कोरना ने तोड़ा रिकॉर्ड, एक दिन में सबसे ज्यादा 24,879 नए केस हुए दर्ज, देखिए राज्यों का हाल

नई दिल्ली: कोरोना का कहर देश में लगातार जारी है। देश में कोरोना संक्रमितों की संख्या थमने का नाम नहीं ले रहा है। हर...

विकास दुबे गिरफ्तार, जांच में सही निकला CO देवेंद्र मिश्र का पत्र

नई दिल्‍ली: एक नाटकीय घटनाक्रम के बाद करीब 6 दिन के बाद 8 पुलिसकर्मियों की हत्‍या करने वाले विकास दुबे को उज्‍जैन के महाकाल...