ऐसे करें मां जगदंबा के स्वरूपों की पूजा, कट जाएंगे सभी कष्‍ट

नई दिल्‍ली:

नवरात्रि के नौ दिनों में आदिशक्ति मां जगदंबा के अलग-अलग स्वरूपों की पूजा की जाती है। नवरात्रि में नौ दिनों का पूजा अनुष्ठान कलश स्थापना से शुरू होता है। वहीं दशमीं तिथि को मां के श्री विग्रह के विसर्जन के साथ पूर्ण होता है।

देश कोरोना के खतरे से जूझ रहा है और लोगों को घर में रहने की सलाह दी जा रही है। हाईजीन खाना खाने की सलाह दी जा रही है। ऐसे में कल से नवरात्रि शुरु हो रहे हैं। नवरात्रि में कैसे पूजा करें ये सवाल तो हमेश से रहते हैं, ऐसे में कोरोना काल में क्या खाएं ये भी बड़ा सवाल है।

नवरात्रि का पूजा विधान:

  • सूर्योदय से पहले स्नान करें
  • व्रत संकल्प लेकर उपासना करें
  • लाल या पीले वस्त्र पहन कर पूजा करें
  • उत्तर पूर्व दिशा में मां की चौकी स्थापित करें
  • चौकी पर लाल कपड़ा बिछाकर मां के श्री विग्रह की स्थापना करें
  • चौकी पर गणपति,नवग्रह,भैरवजी औरसोलह मात्रिकाओं की स्थापना करें
  • चौकी के बायीं ओर कलश की स्थापना करें
  • चौकी के दायीं ओर अखण्ड ज्योति प्रज्वलित करें
  • सर्वप्रथम मंगलमूर्ति गणेश नवग्रह भैरवजी और षोडश मात्रिकाओं का पंचोपचार विधि से पूजन करें
  • अखण्ड ज्योति का पूजन करें
  • नवरात्रि के सभी दिन मां दुर्गा का षोडशोपचार विधि से पूजन करें
  • दुर्गा सप्तशती,सिद्धकुंजिका स्त्रोत,बत्तीसनामावली आदि का पाठ करें
  • नवार्ण मंत्र ”ऊँ ऐं ह्रीं क्लीं चामुण्डायै विच्चे” का जाप करें
  • नवरात्रि में हरदिन नवार्ण मंत्र से हवन करें

नवरात्रि में मां भगवती की सविधि उपासना से साधक को दिव्य कृपा मिलती है। साधक दैहिक दैविक और भौतिक सभी संकटों से मुक्त हो जाता है। साथ ही सभी सुखों का भोग करता हुआ मां के परमधाम मणिद्वीप में स्थान प्राप्त कर लेता है।

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