जाकिर नाइक के NGO ने आईएस के आतंकी को दिया स्काॅलरशिप

नई दिल्ली ( 23 नवंबर ): ISIS में भर्ती करने वाले और जाकिर नाइक के बीच सीधे संबंध का एक नया सबूत सामने आया है। नाइक की संस्था इस्लामिक रिसर्च फाउंडेशन (आईआरएफ) की ओर से ISIS के संदिग्ध आतंकी अनस को 80,000 रुपये बतौर स्कॉलरशिप दिया गया। एनआईए की जांच में हुए इस खुलासे के बाद अब सरकार नाइक के खिलाफ ऐंटि टेरर लॉज के तहत जांच करवा सकती है। 

खबरों के मुताबिक फंड्स उस समय अनस को ट्रांसफर किया गया जब वह आईएस जॉइन करने के मकसद से सीरिया जाने की फिराक में था। उसने आईआरएफ की वेबसाइट पर स्कॉलरशिप के लिए आवेदन किया था और मुंबई में उसे इंटरव्यू के लिए बुलाया गया था। अनस को जनवरी में राजस्थान से गिरफ्तार किया गया था।

खबरों के अनुसार नाइक के लिए काम करने वाले लोग अनस की योजना से अंजान नहीं रहे होंगे बल्कि उनलोगों ने जानबूझकर 'स्कॉलरशिप' के बहाने उसे आर्थिक मदद दी होगी। इससे पता चलता है कि आईआरएफ और आईएस के भर्तीकर्ताओं के बीच सीधा संबंध है। अनस लगातार आईआरएफ के पदाधिकारियों के संपर्क में था और अनस के बैंक खाते में यह रकम ट्रांसफर की गई। अनस का खाता राजस्थान के टोंक में स्थित आईसीआईसीआई बैंक में है। 

गौरतलब है कि नाइक की संस्था आईआरएफ को केंद्र सरकार पिछले हफ्ते ही पांच साल के लिए प्रतिबंधित कर चुकी है। राष्ट्रीय जांच एजेंसी एनआईए ने भी आईआरएफ के खिलाफ आतंकवाद विरोधी कानून यूएपीए और आईपीसी की धारा 153 ए के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की है।