जहीर खान ने दी टीम इंडिया को 'फ्री एडवाइस', कहा- ना दिखाएं उतावलापन

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न्यूज 24 ब्यूरो, नई दिल्ली (21 फरवरी):  भारत के पूर्व तेज गेंदबाज जहीर खान ने भारतीय टीम मैनेजमेंट को सलाह दिया है। जहीर खान ने इंडियन टीम मैनेजमेंट के लेफ्ट आर्म गेंदबाजों को लेकर रवैया पर सवाल खड़े किए हैं। जहीर खान ने कहा कि टीम में बाएं हाथ का गेंदबाज होना फायदेमंद है पर उसके लिए उतावलापन क्यों, जब कि बह गेंदबाज प्रेशर हैंडल करने के लिए तैयार नहीं है। पिछले कुछ वर्षों में भारत ने बाएं हाथ के कई तेज गेंदबाजों को आजमाया है, जिसमें बरिंदर सरां और जयदेव उनादकट के अलावा हाल में लाए गए खलील अहमद भी शामिल हैं, जिन्हें न्यूजीलैंड में लचर प्रदर्शन के बाद टीम से बाहर कर दिया गया।



जहीर ने पीटीआई से कहा, अगर आपके साथ यह वैरिएशन (बाएं हाथ का तेज गेंदबाज) है तो निश्चित तौर पर यह फायदे की स्थिति है, लेकिन आपको बाएं हाथ के तेज गेंदबाज को आजमाने को लेकर उतावलापन नहीं दिखाना चाहिए। यह टीम के लिए योगदान देने से जुड़ा है। बाएं हाथ के तेज गेंदबाज होना नैसर्गिक प्रतिभा है और इस पर आपका नियंत्रण नहीं होता कि आपको कब ऐसा गेंदबाज मिलेगा।




न्यूजीलैंड में खलील बिल्कुल लय में नहीं दिखे, जबकि वहां के हालात स्विंग गेंदबाजी के अनुकूल थे। भारत की ओर से 95 टेस्ट खेलने वाले जहीर का मानना है कि इस युवा तेज गेंदबाज को सुधार करना होगा। विश्व कप 2011 के सबसे सफल गेंदबाज रहे जहीर खान को लगता है कि खलील समय के साथ सिखेगा और अपने टीम के तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह से कुछ सीखेंगे जो कि पादर्पण के बाद से अपने आप में काफी प्रगति की है।



जहीर को खुशी है कि भारत के पास अब तेज गेंदबाजों का अच्छा समूह है जो मुश्किल हालात में एक-दूसरे का बोझ साझा कर सकते हैं। जहीर ने उस समय को याद किया, जब टेस्ट मैचों में उनका साथ निभाने के लिए कोई अच्छा तेज गेंदबाज नहीं था, उन्होंने कहा, ‘जब बोझ साझा होता है तो हमेशा अच्छा होता है, क्या ऐसा नहीं है। आपको निश्चित तौर पर नतीजे मिलते हैं।