जिंनपिंग दूसरी बार बनेंगे राष्ट्रपति, माओ के बाद बने दूसरे शक्त‍िशाली नेता

नई दिल्ली (24 अक्टूबर): चीन में राष्ट्रपति शी जिंनपिंग को पांच साल के दूसरे कार्यकाल को मंजूरी दे दी है। जिंनपिंग के दूसरे कार्यकाल को पार्टी ने सप्ताह भर चले सम्मेलन के समापन पर मंजूरी दी। इसी के साथ जिंनपिंग के विचारों को पार्टी के संविधान में जगह मिलने से वह माओ के बाद चीन के सबसे शक्तिशाली राष्ट्रपति बनकर उभरे हैं।

पार्टी ने भी इसे स्वीकार किया है। यह सम्मेलन पांच साल में एक बार होता है। इस सम्मेलन में 2,350 से ज्यादा प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया। कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ चाइना के पदक्रम में शी जिंनपिंग और प्रधानमंत्री ली केकियांग क्रमश: पहले और दूसरे नंबर पर हैं। अब दोनों ही 5 साल तक शीर्ष नेतृत्व पर बने रहेंगे। देश पर शासन करने वाली पार्टी की सात सदस्यीय स्टैंडिंग कमेटी के लिए पांच नए सदस्य चुने जाएंगे। जिंनपिंग और ली ने वर्ष 2012 में सत्ता संभाली थी और दोनों नेता 2022 तक सत्ता में बने रहेंगे।

जिंनपिंग स्टैंडिंग कमिटी में अपने कुछ करीबी सहयोगियों को शामिल करने के साथ ही प्रभावशाली बने रह सकते हैं। जिंनपिंग को हाल के वक्त में चीन का सबसे शक्तिशाली नेता समझा जाता है। वह राष्ट्रपति होने के साथ-साथ पार्टी और सेना के भी प्रमुख हैं। समझा जाता है कि शी वर्ष 2022 में अपना दूसरा कार्यकाल पूरा करने के बाद सेवानिवृत्त होंगे।

जिंनपिंग का नाम और उनके विचारों को संविधान में शामिल किया जाएगा। कम्युनिस्ट पार्टी के संस्थापक माओ त्से तुंग और उनके उत्तराधिकारी शियोपिंग ने भी ऐसा ही किया था। वैसे, पूर्व चीनी नेता जिंताओ और जियांग जेमिन ने भी अपने विचारों को संविधान में शामिल किया था लेकिन उनके नाम शामिल नहीं किए गए थे।