दुनिया के नक्शे में नहीं हैं ये 7 देश

नई दिल्ली (21 सितंबर): सभी छात्रों को पढ़ाई के दौरान दुनिया के नक्शे से रूबरू कराया जाता है। लेकिन अगर आज हम आपको यह जानकारी दें कि कुछ ऐसे भी देश हैं जो दुनिया के नक्शे में नहीं है तो शायद आपको यकीन नहीं होगा। यूएन द्वारा जारी लिस्ट के मुताबिक दुनिया में कुल 193 देश हैं, जिसमें ताइवान और कोसोवो को शामिल नहीं किया गया है।

हालांकि संयुक्त राष्ट्र की सदस्यता पाकर स्विटजरलैंड, मोंटेनेग्रो और दक्षिण सूडान सबसे नये देश बन गए हैं।

दुनिया के नक़्शे में नहीं हैं ये देश...

ट्रांसनिस्ट्रीया 1990 में ही ये देश चिसिनाऊ से अलग हो गया था। इस देश की अपनी अलग सेना, करेंसी और झंडा भी है। लेकिन रूस सहित दुनिया के काफी कम लोगों को ही इस देश की जानकारी है। अगर आपको यूरोप के पुराने समय में ट्रेवल करना है, तो ये देश इस मामले में आपकी पहली पसंद होनी चाहिए।

सोमालिलैंड साल 1991 में सोमालिया में अचानक हिंसा भड़क गई थी और इसी दौरान सोमालिया के नार्थ-वेस्ट हिस्से ने खुद को आजाद घोषित कर दिया था। इस देश का झंडा, करेंसी भी अलग है।

इराकी कुर्दिस्तान कुदिस्तान 1970 से ही इराक के अंदर आजाद देश की हैसियत से मौजूद है। तानशाह सदम हुसैन के समय इस देश ने काफी तरक्की की थी। 1980 में एक हमले में यहां के पांच हजार लोग मारे गए थे। सदाम हुसैन के बाद इस देश पर काफी हमले हुए। लेकिन आज भी ये देश बेहतर हाल में है। इस देश की अपनी अलग आर्मी, सरकार और बॉर्डर भी है। साथ ही ये देश टूरिज्म के मामले में भी काफी एडवांस है।

वेस्टर्न सहारा सहारन अरब डेमोक्रेटिक रिपब्लिक यानी वेस्टर्न सहारा दुनिया की नजरों से छुपा हुआ एक देश है। ये देश अफ्रीकन यूनियन का हिस्सा है। 5 लाख लोगों की आबादी वाला ये देश अपनी आजादी की लड़ाई लड़ रहा है।

अब्खाजिया अब्खाजिया देश पहले जोर्जिया का हिस्सा हुआ करता था लेकिन सोवियत यूनियन के गिरने के बाद इस देश ने अपनी आजादी की मांग की। जिसके बाद साल 1993 में इसे आजाद देश घोषित कर दिया गया।

सेबोर्गा इटली में वैटिकन सिटी और सुन मरीनो के अलावा एक और छोटा सा देश मौजूद है जिसे सेबोर्गा कहा जाता है। सेबोर्गा एक छोटा सा पहाड़ी देश है जो न्यूयॉर्क के सेंट्रल पार्क जितना बड़ा है।

पुंतलैंड सोमालिया से अलग हुआ एक देश है पुंतलैंड। पहले हमने सोमालिलैंड के बारे में पढ़ा। लेकिन जहां उस देश ने शान्ति बनाये रखी, उसके ठीक उलट इस देश पर ISIS का कब्जा रहा। यहां हमेशा आतंकी घटनाएं होती रहती हैं। इस देश ने सोमालिया में शुरू हुए गृह युद्ध के बाद खुद को आजाद घोषित किया था। देश के मुताबिक, जैसे ही गृह युद्ध खत्म होगा, ये सोमालिया से वापस मिल जाएगा।