बुर्कानशींन बहनों ने पिस्तौल निकाली और एक शख्स को गोलियों से भून डाला


नई दिल्ली (20 अप्रैल): पाकिस्तानी  पंजाब में तीन बुर्कानशी बहनों ने ईशनिंदा के 13 साल पुराने एक मामले में एक 50 वर्षीय व्यक्ति की कथित रूप से गोली मार कर हत्या कर दी। घटना लाहौर से करीब 180 किलोमीटर दूर पसरुर तहसील के नांगल मिर्जा गांव की है। पुलिस के अनुसार, बुर्कानशी तीन बहनें अफसाना, अनमा और रजिया अपनी परेशानियों के हल के लिए मजहर हुसैन सैयद के घर उनका आशीर्वाद लेने गई थीं।


पसरुर के थाना प्रभारी सईद हिंजरा ने कहा, ‘उनका अशीर्वाद लेने के बाद महिलाओं ने उनसे कहा कि वह अपने बेटे फजल अब्बास को बुला दें, क्योंकि उनमें से एक उनकी छात्रा रह चुकी है और उनसे मिलना चाहती है। अब्बास हाल ही में बेल्जियम से लौटा था। अब्बास जैसे ही कमरे में आया, महिलाओं ने गोलियां चलानी शुरू कर दीं, उसकी मौके पर ही मौत हो गई। महिलाओं ने अपने बुर्के के नीचे पिस्तौल छिपाई हुई थीं।’ हिंजरा ने कहा, ‘हमने तीनों महिलाओं को गिरफ्तार कर लिया है। तीनों ने पुलिस से कहा कि उन्होंने एक ईशनिंदक की हत्या की है। उन्हें इसका कोई मलाल नहीं है।


थाना प्रभारी ने कहा कि पुलिस महिलाओं से पूछताछ कर यह जानने का प्रयास कर रही है कि अब्बास की हत्या के पीछे कोई अन्य कारण तो नहीं। महिलाओं ने अब्बास की हत्या करने के बाद खुशी से नारे लगाए और कहा ‘हमने एक ईशनिंदक को खत्म कर दिया।’ थाना प्रभारी ने आरोपियों में से एक के हवाले से कहा, ‘हम 13 साल पहले अब्बास को नहीं मार सके क्योंकि हम बहुत छोटे थे।’ उन्होंने कहा, अब्बास के खिलाफ 2004 में ईशनिंदा कानून के तहत मामला दर्ज हुआ था।