12 साल में इस महिला के हुए 3 तीन तलाक


नई दिल्ली(3 मई): देश में इन दिनों तीन तलाक का मुद्दा छाया हुआ। अब तक कहीं मामले ऐसे सामने आए हैं जहां महिला को उनके पति सोशल नेटवर्किंग साइट, पोस्टकार्ड के जरिए तीन तलाक दिए। इन सबके के बीच एक ऐसी महिला भी है जो इस डर में जी रही है कि कहीं उसका शौहर उसको तलाक ना दे दे। इस महिला का अब तक तीन बार तलाक हो चुका है। तारा खान की उम्र 35 साल और पिछले 12 वर्षों में इस महिला का तीन बार तलाक हो चुका है, यह उनकी चौथी शादी है।


- पीड़िता तारा कहती हैं, 'बीते 12 साल मेरे लिए किसी बुरे सपने की तरह रहे। अगर ऐसा फिर होता है तो मेरे लिए कोई जगह नहीं बचेगी।'


- तारा पढ़ी-लिखी नहीं हैं, उनकी पहली शादी बरेली के जाहिद खान नाम के शख्स से हुई थी। शादी के 7 साल गुजर जाने पर उनकी कोई संतान नहीं हुई, जिसकी वजह से उनके शौहर ने दूसरी शादी कर ली और उन्हें तलाक दे दिया।


- तारा ने बताया कि शौहर से तलाक के बाद वह अपने रिश्तेदारों के घर में रहने लगीं। इसके बाद उनकी रिश्तेदार ने पप्पू खान नाम के शख्स के साथ उनका निकाह करा दिया।


-तारा ने बताया कि कैसे दूसरे शौहर ने भी उन्हें अपनी जिंदगी से बेदखल कर दिया। वह कहती हैं, 'पप्पू मेरे साथ मारपीट किया करता था। एक दिन मैंने जब विरोध किया तो उसने अपशब्द कहे और मुझे छोड़ दिया। मेरी दूसरी शादी तीन साल में खत्म हो गई।'


-दूसरे शौहर से तलाक के बाद तारा अपने मामा के घर चली गईं। मामा और उनके बेटे ने तारा को समझाया कि इतनी लंबी जिंदगी अकेले नहीं कटेगी, किसी साथी की जरूरत है। वे तारा को एक और शादी के लिए मनाने में कामयाब हुए, लेकिन यहां भी किस्मत ने तारा का साथ नहीं दिया और तीसरे पति सोनू से शादी के चार महीने बाद ही तलाक हो गया। सोनू तारा को खूब पीटा करता था, वह बेहद हिंसक था। एक दिन तारा की पिटाई कर उसने उन्हें मामा के घर वापस छोड़ा और मामा के घर के गेट पर ही तीन तलाक दे दिया।


- तीन बार तलाक के बाद तारा शादी नहीं करना चाहती थीं, लेकिन उनका परिवार उन्हें एक और शादी के लिए मनाने में कामयाब हो गया। तारा ने बीती जुलाई में शमशाद नाम के शख्स से निकाह किया। अपने पिछले अनुभवों से डरी हुईं तारा कहती हैं, 'मेरे साथ बहुत बुरा हुआ है और मैं डरी हुई हूं कि अगर शमशाद ने मुझे छोड़ दिया तो मैं सड़क पर आ जाऊंगी। मेरे 5 भाई मानते हैं कि मैं परिवार की बदनामी का कारण बनी और अब वे मुझे अपने पास नहीं रखना चाहते। मैं नहीं चाहती कि यह शादी खत्म हो, चाहे जो हो जाए। लेकिन शमशाद भी मेरे पूर्व शौहरों की तरह हैं, मुस्लिम महिला कहां जाए? बीते 12 सालों में मैंने बहुत दुख झेले हैं, अब और नहीं लड़ सकती।'


-तारा और शमशाद की बरेली के परिवार काउंसलिंग सेंटर में काउंसलिंग चल रही है। वह कहती हैं, 'अगर जरूरत पड़ी तो मैं इस मुद्दे को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और सीएम योगी आदित्यनाथ तक ले जाऊंगी, मैं चाहती हूं कि मेरा शौहर मुझे अपने साथ रखे।' परिवार काउंसलिंग सेंटर में काउंसलर खलिल कादरी ने कहा, 'हम शमशाद और तारा को एक करने की पूरी कोशिश कर रहे हैं और उनका तलाक नहीं होने देंगे।'