कश्मीर में आतंकियों से लड़ते शहीद हुए थे कर्नल, अब पत्नी बनने जा रही हैं लेफ्टिनेंट

 

नई दिल्ली(3 सितंबर): कश्मीर में आतंकियों से लड़ते हुए शहीद होने वाले कर्नल की पत्नी स्वाति महादिक भी अब सेना में जाकर दुश्मनों को टक्कर देने को तैयार हैं। 

- 37 साल की स्वाति के पति संतोष महादिक 9 महीने पहले कश्मीर के कुपवाड़ा में आतंकियों से लड़ते हुए शहीद हो गए थे। दरअसल, गुरुवार (1 सितंबर) को सर्विस सिलेक्शन कमीशन की फाइनल लिस्ट में स्वाति का नाम आ गया है। लेकिन लिस्ट में नाम देखकर स्वाति या परिवार का कोई सदस्य खुश या दुखी नहीं था। किसी के चेहरे पर कोई प्रतिक्रिया ही नहीं थी। 

- स्वाति ने कहा, ‘किसी को कोई खुशी या गम नहीं है। मानों हम लोग जैसे सुन्न पड़ गए हैं। घर में किसी का भी खुशियां मनाने का मन नहीं है।’

- स्वाति ने पुणे यूनिवर्सिटी से पढ़ाई की है। उन्होंने स्पेशल टीचर की पोस्ट पर कई सारे स्कूल्स में पढ़ाया भी है। स्वाति ने संतोष का जिक्र करते हुए कहा, ‘संतोष हमेशा कहा करते थे कि संतुष्टि सबसे जरूरी है। वह उसे तृप्ति कहते थे। आर्मी में सिलेक्शन होने के बाद मुझे वही मिली है। मेरे पति बहुत अच्छे थे। मेरे दो प्यारे बच्चे भी हैं। अब मुझे वैसी ही यूनिफॉर्म पहनने का मौका मिलेगा जैसी मेरे पति पहना करते थे।’ स्वाति के दो बच्चे हैं। उनकी लड़की कृत्की 11 साल की है और बेटा स्वराज 6 साल का है।

- आर्मी में भर्ती से पहले स्वाति को 11 महीने की ट्रेनिंग लेनी होगी। इसके लिए उन्हें ऑफिसर्स ट्रेनिंग सेंटर (OTA) में चेन्नई जाना होगा। इसके बाद वह आर्मी में लेफ्टिनेंट की पोस्ट पर ज्वाइन करेंगी। उनके पति संतोष का निधन साल 2015 के नवंबर में हुआ था। तब ही स्वाति ने आर्मी में जाने की बात सोच ली थी।