ऐपल iphone में 'I' का मतलब क्या होता, जानें

नई दिल्ली(19 फरवरी): 'आई' दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण अक्षरों में से एक है। लेकिन इसका क्या मतलब होता है बहुत से लोगों को नहीं पता होगा। दुनिया का बेहद लोकप्रिय फोन 'आईफोन' की शुरुआत में 'आई' इसकी उपयोगिता बता सकता है।

'आई' का मतलब इंटरनेट होता है, लेकिन पूरे तौर पर नहीं। ये नामकरण पहली बार 'आईमैक' से शुरु हुआ था। जो 1998 में लॉन्च हुआ था। इसी कंप्यूटर से ऐपल की शुरुआत हुई थी। इसको लाते हुए ऐपल के फाउंडर स्टीव जॉब्स ने कहा था कंप्यूटर का इस्तेमाल लोग जिस चीज के लिए करना चाहते हैं। वो है इंटरनेट। क्योंकि इसी दौर में इंटरनेट की शुरुआत हुई थी और लोगों के बीच लोकप्रिय होना शुरु हुआ था।

हालांकि ये पूरी तरह से 'मैकिनटोश' था, हमारा लक्ष्य ये जानना था कि ग्राहक क्यों एक कंप्यूटर चाहते हैं। इंटरनेट के लिए। जो तेज और आसान हो। और यही वह चीज है जिसके लिए इसको बनाया गया था। स्टीव ने कहा कि लेकिन 'आई' के मतलब से काफी दूर था। लॉन्चिंग के समय स्टीव ने एक स्लाइड दिखाया था जिसमें बड़े अक्षरों में इंटरनेट,  इंडविजूअल, इंसट्रक्ट, इन्फॉर्म , इंसपायर दिखाया गया था। 

उन्होंने कहा था कि 'आई' का मतलब हमारे लिए और भी था। हम पर्सनल कंप्यूटर बनाने वाली एक कंपनी हैं। हमारा ध्यान कंप्यूटर से पढाई को लेकर है। जो इसको खरीदना चाहते हैं वो बस अनुदेश कर सब हासिल कर सकते हैं। 

कंपनी अपने हर प्रोडक्ट पर इस छोटे अक्षर के साथ जाएगी। चाहे वो सॉफ्टवेयर 'आईटूल्स' हो या हार्डवेयर 'आईपॉड'। लेकिन ये अभी भी नहीं कि साफ नहीं है  कि बाकी के 'आईपॉड' के नाम कहां से आए। वही हाल के वर्षों में ऐपल के कई प्रोडक्ट में आई की चमक फीकी पड़ गई। ऐपल टीवी और ऐपल वाच से आई को पूरी तरह से हटा दिया गया।