1 जुलाई से बदल गए हैं ये नियम, जानें आप

नई दिल्ली (1 जुलाई): देश के अब तक के सबसे बड़े कर सुधार की लॉन्चिंग का ऐतिहासिक मौका शुक्रवार को आधी रात को आ गया। रात के ठीक 12 बजते ही राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी और पीएम नरेंद्र मोदी ने एक साथ बटन दबाकर पूरे देश में एक टैक्स व्यवस्था की शुरुआत की। इस लॉन्चिंग के साथ ही देश में एक समान अप्रत्यक्ष कर व्यवस्था लागू हो गई। देश में एक टैक्स सिस्टम वाले जीएसटी के लागू होने के साथ कई दूसरी चीजें भी बदल रही हैं। जीएसटी का असर जहां आपकी जब पर पड़ेगा, वहीं दूसरे बदलाव आपके रोजमर्रा के जीवन में दिखाई देंगे।


जानिए यह बदल रहा है 1 जुलाई से...

1 जुलाई से इन चीजों के लिए जरूरी हो गया आधार

- इनकम टैक्स रिटर्न भरने के लिए। पैन को भी आधार से लिंक करना होगा।

- पीएफ अकाउंट आधार से लिंक करना होगा, नहीं तो ऑपरेट नहीं होगा।

- पासपोर्ट बनवाने के लिए

- पैन कार्ड बनवाने के लिए

- फ्री एलपीजी कनेक्शन के लिए

- राशन से सामान लेने के लिए

- अटल पेंशन स्कीम, आशा स्कीम जैसी योजनाओं के लिए

- दिव्यांग स्टूडेंट्स के लिए योजनाओं का फायदा लेने के लिए

- स्टूडेंट्स को मिलने वाली केंद्रीय स्कॉलरशिप के लिए

1- सरकारी स्कूलों में मिलने वाले मिड-डे मील के लिए


आज से बैंकिंग, बीमा महंगा

-आज से जीएसटी लागू होने के बाद बैंकिंग, इंश्योरेंस सर्विसेज महंगी होंगी, क्योंकि फाइनैंशल सर्विसेज पर सर्विस टैक्स अब 15 की जगह 18% लगेगा

-फोन बिल, क्रेडिट कार्ड का बिल, फूड बिल पर ज्यादा जेब ढीली करनी होगी। टूर ऐंड ट्रैवल पर भी ज्यादा खर्च करना होगा।


छोटी बचत पर कम ब्याज

- पीपीएफ, एनएससी और किसान विकास पत्र सहित स्मॉल सेविंग्स स्कीमों पर ब्याज दर में 0.1 फीसदी की कटौती हुई है।

- पीपीएफ पर 7.8%, केवीपी पर 7.5%, सुकन्या स्कीम पर 8.3%, सीनियर सिटिजंस स्कीम पर 8.3% ब्याज मिलेगा।


आपके आने-जाने में हुए बदलाव

- विदेश यात्रा करने वालों को एयरपोर्ट पर डिपार्चर कार्ड भरने से मुक्ति मिलेगी।

- रेलवे यात्री आईडी प्रूफ के रूप में डाउनलोड किए गए आधार का प्रिंट दिखा सकेंगे।