पश्चिम बंगाल में तेज हुई TMC और BJP लड़ाई, 12 जून को कोलकाता में बीजेपी की विरोध रैली

mamata banerjee-kailash vijayvargiyaImage Credit: Google

न्यूज 24 ब्यूरो, नई दिल्ली (11 जून): लोकसभा चुनाव के बाद भी पश्चिम बंगाल में हिंसा का दौर जारी है। इस बार राज्य में बीजेपी और टीएमसी कार्यकर्ताओं के बीच खूनी लड़ाई हो रही है। पश्चिम बंगाल में पिछले 50 दिनों में हिंसा की 22 वारदातें हो चुकी हैं। राज्य में जारी हिंसा के लिए दोनों पार्टियां एक दूसरे पर आरोप लगा रही है। इसी कड़ी में राज्य में जारी हिंसा के खिलाफ बीजेपी 12 जून को विरोध रैली निकालने का ऐलान किया है। बीजेपी के पश्चिम बंगाल प्रभारी कैलाश विजयवर्गीय का कहना है कि 'पश्चिम बंगाल में हो रही लगातार हिंसा के लिए ममता बनर्जी जिम्मेदार हैं, वो लोगों को भड़का रही हैं और अपने कार्यकर्ताओं से कह रही हैं कि जिस बूथ से बीजेपी जीती है वहां उसके कार्यकर्ताओं को नेस्तनाबूद कर दो।' साथ ही उन्होंने कहा कि पश्चिम बंगाल में हिंसा के लिए टीएमसी के गुंडे जिम्मेदार हैं क्योंकि वो नहीं चाहते कि बीजेपी सत्ता में आए। इसके साथ ही कैलाश विजयवर्गीय ने कहा है कि अगर पश्चिम बंगाल में इसी प्रकार हिंसा चलती रही तो केंद्र सरकार से धारा 356 लगाने की मांग करेंगे।आपको बात दें कि पश्चिम बंगाल में राजनैतिक हिंसा का दौर थमने का नाम नहीं ले रहा है। ताजा मामला नॉर्थ 24 परगना के भाटापारा का है। यहां एक टीएमसी कार्यकर्ता की हत्या कर दी गई है। हत्या का आरोप बीजेपी कार्यकर्ता पर लगा है। बताया जा रहा है कि ये हत्या बम मारकर की गई है। वहीं इस घटना में दो लोग घायल बताए जा रहे हैं। इधर कनकी नारा में भी दो लोगों की हत्या कर दी गई है। बंगाल के नॉर्थ 24 परगना जिले के भाटापारा में मोहम्मद हलीम (60) नाम के व्यक्ति की मौत हो गई। भाटापारा के आर्य समाज इलाके में हुए बम धमाके में मोहम्मद हलीम की मौत हो गई। इस हादसे में एक महिला भी घायल हो गई। धमाके के बाद स्थानीय लोग घटनास्थल पर पहुंचे और घायल महिला को अस्पताल लेकर गए जहां शुरुआती उपचार के बाद घायल महिला को छुट्टी मिल गई। बम धमाके के बाद इलाके में तनाव और ज्यादा बढ़ सकता है। हालांकि अभी तक बम धमाके के पीछे के कारण का पता नहीं चल पाया है। फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी है। वहीं स्थानीय लोग इस घटना के विरोध में शव के साथ प्रदर्शन कर रहे हैं और आरोपियों की जल्द से जल्द गिरफ्तारी की मांग कर रहे हैं। पुलिस ने इलाके के हालात पर काबू पा लिया है। फिलहाल इसमें अभी तक कोई गिरफ्तारी नहीं की गई है। दूसरी तरफ कुछ हिंदू परिवारों ने आरोप लगाया है कि वह (मुस्लिम) एक-दूसरे के घरों पर खुद ही बम फेंक रहे हैं, लेकिन वह इसका आरोप हमारे ऊपर लगाएंगे जा रहे हैं।