राष्ट्रपति पुतिन ने एक यात्री विमान को मार गिराने का दिया था आदेश

मास्को (12 मार्च): रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के एक आदेश के बारे में खुलासा हुआ है। एक डॉक्यूमेंट्री फिल्म में पुतिन ने कहा कि उन्होंने एक यात्री विमान को मार गिराने के आदेश दिया था और उस विमान में 110 यात्री सवार थे। इस दो घंटे की इस डॉक्यूमेंट्री को ऑनलाइन रिलीज किया गया है। जिसमें कहते दिख रहे हैं कि 2014 में विंटर ओलंपिक खेलों के शुरू होने से पहले उन्हें पता चला कि यूक्रेन से तुर्की जाने वाला हवाई जहाज हाइजैक हो गया है। लेकिन ये ग़लत ख़बर थी और जहाज़ को नहीं गिराया गया।

इसमें पुतिन ने एक रिपोर्टर से कहा, '7 फरवरी 2014 को उन्हें सोची खेलों के लिए लगाए गए सुरक्षा अधिकारियों की तरफ से फोन आया। यह फोन सोची के विंटर ओलिंपिक की ओपनिंग सेरिमनी से ठीक कुछ देर पहले आया था। मुझे बताया गया यूक्रेन से इस्तांबुल जाने वाले विमान को हाइजैक कर लिया गया है और हाइजैकर्स ने उस विमान को सोची में उतारने की बात कही। हालांकि इसके कुछ देर बाद पता चला कि ये महज एक अफवाह थी और विमान को बाद में नहीं गिराया गया।

ये डॉक्यूमेंट्री उस वक्त रिलीज की गई है जब 18 मार्च को रुस में राष्ट्रपति चुनाव होने वाले हैं और एकबार फिर पुतिन के जीतने के आसार हैं। पुतिन के सामने सात लोगों ने चुनौती पेश की है, लेकिन किसी को भी मज़बूत समर्थन मिलने की उम्मीद नहीं है और मुख्य विपक्षी नेता एलेक्सी नवलनी को तो चुनाव में खड़े होने से ही प्रतिबंधित कर दिया गया।