पीएम के प्लेन से ज्यादा शक्तिशाली प्लेन चाहती हैं राजे

नई दिल्ली(3 फरवरी): राजस्थान सरकार अपने मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे के लिए एक ऐसा प्लेन  चाहती है जिसकी फ्लाइंग रेंज एग्जिक्युटिव जेट्स से ज्यादा हो और वह प्लेन यूरोप तक सीधे उड़ान भर सके। ऐसे प्लेन का इस्तेमाल पीएम मोदी देश में यात्रा के दौरान करते हैं।

- इन शर्तों वाले टेंडर से एक और विवाद खड़ा हो सकता है।

- घोटाले में फंसी अगुस्टावेस्टलैंड हेलिकॉप्टर को राजे सरकार के तरजीह देने को लेकर पहले ही इस तरह का एक विवाद हो चुका है।

- हालांकि, उसके बाद अगुस्टा टेंडर वापस ले लिया गया था।

- खबरों के मुताबिक, उस टेंडर के लिए सरकार ने अपने नियम बदले थे। पिछले साल राजे सरकार ने लीज पर एग्जिक्युटिव जेट लेने के लिए एक और टेंडर दिया था। इसके लिए जो शर्तें रखी गई थीं, उस हिसाब से राज्य डोमेस्टिक ट्रैवल के लिए केंद्र सरकार के पास मौजूद प्लेन से अधिक पावरफुल जेट चाहता था।

- राजस्थान सरकार के डायरेक्टरेट ऑफ सिविल एविएशन ने 28 नवंबर, 2016 को जारी एक टेंडर में मिड साइज एयरक्राफ्ट हायर करने में दिलचस्पी दिखाई थी। इसके लिए फ्लाइंग रेंज की जो सीमा दी गई थी। वह मुख्यमंत्री के लिए तय रूल्स से ज्यादा थी।

- राजस्थान सरकार ने जिस प्लेन के लिए टेंडर दिया था। राज्य सरकार के वीआईपी उसका इस्तेमाल नहीं करते हैं।

- राजे सरकार 3,200 नॉटिकल माइल रेंज वाला एयरक्राफ्ट चाहती थी, जबकि प्रधानमंत्री के एंब्रेयर जेट की रेंज भी इतनी नहीं है। राजे सरकार ने टेंडर में मिनिमम ऑपरेटिंग अल्टीट्यूड 41,000 फुट रखा था, जबकि दूसरे मुख्यमंत्री इससे कम अल्टीट्यूड वाले हवाई जहाज का इस्तेमाल करते हैं।

- साथ ही वह प्लेन 15 साल से अधिक पुराना नहीं होना चाहिए। वहीं वीआईपी ट्रैवल के लिए जो दूसरे प्लेन लिए जाते हैं। वे 5 साल से पुराने नहीं होते।