सीएम योगी के काफिले के आगे कूदा युवक

लखनऊ(30 दिसंबर): उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के काफिले के सामने शनिवार को श्याम मिश्रा नाम का एक युवक अचानक कूद गया। श्याम ने सोनभद्र से भारतीय जनता पार्टी के सदर विधायक और बीजेपी के जिलाध्यक्ष पर अवैध खनन का आरोप लगाया है। श्याम मिश्रा (30) सोनभद्र के ओबरा का निवासी है। फिलहाल पुलिस श्याम को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है। 

मुख्यमंत्री योगी शनिवार सुबह लोकभवन में आयोजित एक कार्यक्रम में हिस्सा लेने जा रहे थे, तभी एक युवक ने मुख्यमंत्री के काफिले के आगे कूदने का प्रयास किया, लेकिन सुरक्षाकर्मियों ने उसे पकड़कर हजरतगंज पुलिस के हवाले कर दिया। मुख्यमंत्री के काफिले के पीछे राज्यपाल राम नाईक, उप मुख्यमंत्री दिनेश शर्मा और महाराष्ट्र के सीएम देवेंद्र फडणवीस का काफिला भी था।    श्याम मिश्रा ने सोनभद्र के बीजेपी के जिला अध्यक्ष अशोक कुमार मिश्रा और सदर विधायक भूपेश चौबे पर बालू और गिट्टी के अवैध खनन का आरोप लगाया है। लखनऊ के लक्ष्मण मेला ग्राउंड में कई बार जिलाध्यक्ष और विधायक पर कार्रवाई की मांग एवं खनन के विरोध को लेकर श्याम भी अनशन कर चुका है। 

श्याम मिश्रा ने बताया कि वह 6 महीने से अवैध खनन पर रोक लगाने के लिए अधिकारियों व मंत्रियों के चक्कर लगा रहा है लेकिन आज तक कोई सुनवाई नहीं हुई। इससे आहत होकर आज उसने मुख्यमंत्री के काफिले के सामने छलांग लगा दी। श्याम का आरोप है कि 2200 की परमिट 14000 में बेची जा रही है और अवैध खनन के चलते जनता को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। 

श्याम को हर बार आश्वासन देकर लौटा दिया जाता था। शनिवार की सुबह चौकी इंचार्ज गौतम पल्ली के साथ सीएम आवास पर मुख्यमंत्री से मुलाकात करने गया था लेकिन मुलाकात न होने पर लोकभवन के गेट पर पहुंचा। सीएम के आने की जानकारी पाकर मीडिया कर्मियों के बीच खड़ा हो गया और जैसे ही मुख्यमंत्री का काफिला वहां पहुंचा तो श्याम ने कूदने का प्रयास किया। 

आपको बता दें कि योगी सरकार बनने के बाद सोनभद्र में अवैध खनन को रोकने के लिए तमाम प्रयास किए गए, लेकिन आरोप है कि वहां के स्थानीय बीजेपी नेताओं के दखलअंदाजी के कारण अवैध खनन का धंधा तेजी से फल-फूल रहा है। इससे पहले भी स्थानीय सांसदों ने मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर अवैध खनन को रोकने के लिए कदम उठाने का अनुरोध किया था। 

#WATCH Man jumped in front of Chief Minister Yogi Adityanath's convoy in #Lucknow, immediately removed by police. He was reportedly upset over no legal action against two BJP leaders, whom he had accused of illegal mining pic.twitter.com/bZFH0nReS9

— ANI UP (@ANINewsUP) December 30, 2017