रेप पीड़िता के बच्चे को गोद लेने आगे आए दर्जनों दंपती

नई दिल्ली(15 अक्टूबर): बरेली की रहने वाली 14 साल की रेप पीड़िता के अनचाहे बच्चे के जन्म के बाद उसकी मुश्किलें बढ़ती नजर आ रही थीं। कोर्ट ने उसे अबॉर्शन की अनुमति नहीं दी थी। लेकिन जब लगभग एक दर्जन हिंदू-मुस्लिम, अमीर-साधारण दंपतियों ने उस बच्चे को गोद लेने के लिए हाथ आगे बढ़ाया तो पीड़िता के होठों पर मुस्कान आ गई। लोगों को जब पता चला कि बच्चे की मां खुद अभी बच्ची है और उसकी आर्थिक हालत भी ठीक नहीं है तो वे मदद के लिए आगे आए।

- पीड़िता के पिता का कहना है कि वह अभी बच्चे को किसी को सौंपने के बारे में फैसला नहीं ले सकते, क्योंकि उन्होंने पहले से ही इस बारे में इलाहाबाद हाई कोर्ट में याचिका दे रखी है। बच्चे के भविष्य का फैसला पहले हाई कोर्ट को ही करना है। इस बीच लगभग 10 दंपतियों ने पीड़िता के पिता से अस्पताल जाकर मुलाकात की।

- 33 वर्षीय सबा खान उनमें से एक हैं जिन्होंने बच्चे को अपनाने के लिए पीड़िता के पिता से मिलीं। उन्होंने बताया, 'मेरी एक 16 साल की बेटी है। हमें एक बेटा भी चाहिए क्योंकि शादी के बाद तो बेटी घर छोड़कर चली ही जाएगी। हम बच्चे की अच्छी तरह देख-रेख करेंगे।' बच्चे को गोद लेने की इच्छा रखने वाली एक और महिला सोनी शर्मा ने कहा, 'हमारा कोई बच्चा नहीं है। मैं बच्चे को गोद लेना चाहती हूं।'