अमेरिका की चीन को चेतावानी, कहा- वीटो भी आतंकी मसूद को नहीं बचा पाएगा



वाशिंगटन (4 अप्रैल): चालबाज चीन लंबे अरसे से आतंक के मुद्दे पर दोहरी नीति अपना रहा है। उसे अपने 'दोस्त' पाकिस्तान के आतंकी आतंकी नहीं नजर आता है। पाकिस्तान के साथ अपना हित साधने के लिए आतंकवाद के खिलाफ भारत की लड़ाई को कमजोर करने में लगा रहता है। ड्रैगन कई मौकों पर आतंकी अहजर मसूद पर संयुक्त राष्ट्र की बैन लगाने की भारत की मांग के खिलाफ खड़ा नजर आया। उसने कई बार वीटो लगाकर आतंकी मसूद और पाकिस्तान का बचाव किया। चीन ने ये सब उस वक्त किया जब पूरी दुनिया आतंकी अजहर मसूद के मुद्दे पर भारत के साथ खड़ा था। लेकिन चीन ने अपने वीटो के अधिकार का गलत इस्तेमाल करते हुए कई मौके पर भारत समेत पूरी दुनिया के इस मुहिम को असफल कर दिया। आतंकवाद के मुद्दे पर चीन की ये चालबाजी अब पूरी दुनिया के सामने आ चुका है। आतंकवाद के मुद्दे पर चीन अपने दोस्त पाकिस्तान के साथ यूएन समेत कई अंतर्राष्ट्रीय मंच पर बेनकाब हो चुका है।


चीन की इस चालबाजी से अमेरिका भी बखूबी वाकिफ है। अमेरिका ने चीन को साफ शब्दों में कहा कि जो देश आतंकवादियों पर प्रतिबंध लगाने से रोकने के लिए वीटो का इस्तेमाल कर रहे हैं, वे उसे कार्रवाई करने से नहीं रोक पाएंगे।


अमेरिका ने यह बयान ऐसे वक्त में दिया है, जब भारत की लगातार कोशिशों के बाद यूएन द्वारा पाकिस्तानी आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद के सरगना मसूद अजहर पर प्रतिबंध लगाने की दिशा में चीन लगातार रोड़े अटका रहा है।


संयुक्त राष्ट्र में अमेरिका की राजदूत निकी हेली ने यहां संवाददाताओं से कहा कि प्रशासन इन सभी रास्तों पर विचार कर रहा है और हमने जिन कुछ चीजों पर बात की है वे प्रतिबंधों से संबंधित हैं। कौन सूची में है और उनसे हमें कैसे निपटना है इस बात पर भी चर्चा की गई है।