चीन को दरकिनार कर ताईवान को हथियार बेचेगा अमेरिका

नई दिल्ली (1 जुलाई): अमेरिका ने भले ही चीन के साथ संबंध सामान्य दिखाने की कोशिश की है, लेकिन वास्तविकता है कि अमेरिका ताइवान को लगातार मजबूत कर रहा है। वन चाईना की पॉलिसी को ध्वस्त करते हुए ट्रंप ने ताइवान को करीब 9,000 करोड़ के हथियार बेचने के प्रस्ताव को मंज़ूरी दी है जिनमें रडार, हाई स्पीड एंटी-रेडिएशन मिसाइल, टॉरपीडोज़ और मिसाइल के पुर्जे शामिल हैं। डोनाल्ड ट्रंप के राष्ट्रपति बनने के बाद ताइवान के साथ यह पहला सौदा है। दरअसल, चीन ताइवान को अपना हिस्सा मानता है जबकि ताइवान खुद को एक स्वतंत्र देश मानता है।