अयोध्या जिले और दूसरे धार्मिक शहरों में शराब और मांस पर लग सकता है बैन


न्यूज 24 ब्यूरो, नई दिल्ली ( 12 नवंबर ):
उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार भगवान राम की नगरी मानी जाने वाली पूरे अयोध्या जिले में शराब और मांस की बिक्री पर प्रतिबंध लगा सकती है।  सरकार यह कदम अयोध्या के संतों की मांग पर उठाने जा रही है। प्रदेश सरकार ने पूरे अयोध्या जिले में शराब और मीट के प्रतिबंध को लेकर विधिक राय मांगी है। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक सरकार भगवान श्री कृष्ण की जन्मभूमि मथुरा और दूसरे धार्मिक शहरों में भी शराब और मांस पर बैन लगा सकती है।

मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक योगी सरकार से संतों ने इस तरह की मांग की है कि अयोध्या जिले में शराब और मांस की बिक्री पर प्रतिबंध लगाया जाए। इसके बाद राज्य सरकार के प्रवक्ता और मंत्री श्रीकांत शर्मा ने कहा है कि अयोध्या के संतों ने मांग की है कि पूरे जिले में शराब और मीट पर प्रतिबंध लगाया जाए। सरकार ने इस मांग को लेकर विधि विभाग से राय मांगी है। उन्होंने बताया कि हालांकि अभी यह जिला फैजाबाद था और जिले के अयोध्या शहर में ही शराब और मीट पर प्रतिबंध था। अब फैजाबाद जिले का नाम बदल दिया गया है और अब पूरे जिले में इसके प्रतिबंध की मांग रखी गई है।

उन्होंने कहा कि सरकार कानूनी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए अयोध्या में शराब और मांस की बिक्री पर प्रतिबंध लगाएगी, हालांकि अयोध्या नगरीय निकाय क्षेत्र में शराब-मांस की बिक्री पहले से ही प्रतिबंधित है। लेकिन अब संतों का कहना है कि चूंकि पूरा जिला अब अयोध्या के नाम से जाना जाएगा इसलिए पूरे में यह प्रतिबंध लागू होना चाहिए।

संतों ने कहा है कि जिले में शराब और मीट की बिक्री होना भगवान राम का अपमान है। राम जन्मभूमि के पुजारी स्वामी सत्येंद्र दास के नेतृत्व में संतों ने प्रशासन से यह मांग रखी है। संतों के मुताबिक, मीट और शराब से हिंसा और प्रदूषण को बढ़ावा मिलता है, जोकि राम की नगरी में ठीक नहीं है, इसलिए इसपर बैन लगना चाहिए।

अयोध्या में विश्व हिंदू परिषद (वीएचपी) के प्रवक्ता ने कहा कि अयोध्या में शराब और मीट की बिक्री पर प्रतिबंध की योजना बहुत अच्छी है। वह इसका स्वागत करते हैं। धार्मिक नगर में अभी शराब और मीट की बिक्री से संत परेशान हैं।