खून से पत्र लिखने वाली बेटियों को 10 लाख की मदद

अशोक कुमार तिवारी, लखनऊ (13 अगस्त): खून से पत्र लिखने वाले बुलंदशहर के दोनों बच्चों को यूपी के सीएम अखिलेश यादव ने पांच-पांच लाख रुपये यानी दस लाख रुपये की आर्थिक मदद दी है। इतना ही नहीं उन्होंने बच्चों के मामा तरुण से मुलाकात कर सरकारी नौकरी का आश्वासन भी दिया है।

दरअसल, यहां रहने वाली लतिका बंसल (15) ने एक ऐसा मंजर देखा, जिसे वह कभी भूल नहीं पाएगी। बीती 14 जून को लतिका और उसकी मासूम बहन तान्या (11) के सामने ही उनकी मां अनु बंसल को जिंदा जला दिया गया। दोनों बहनों का कहना है कि उनकी मां की हत्या इसलिए की गई, क्योंकि उन्होंने बेटे के बजाये दो लड़कियों को जन्म दिया था।

लतिका बताती है कि उसकी मां जब जल रही थीं, तब उसने पुलिस को भी फोन किया, लेकिन किसी ने कॉल का जवाब नहीं दिया। फिर एक रिश्तेदार को फोन किया, तो वो करीब दस मिनट बाद आए, तब तक मां बुरी तरह से जल चुकी थीं। थोड़ी देर बात उन्होंने दम तोड़ दिया। लेकिन पुलिस पूरे मामले को सुसाइड का केस मान रही है।

उधर, मां की मौत के दो महीन बाद बेटी ने सीएम अखिलेश यादव को खून से पत्र लिखकर इंसाफ की गुहार लगाई थी। लतिका ने लिखा था कि मैंने बेटा न पैदा कर पाने की वजह से मां पर हो रहे अत्याचारों को देखा। छोटी बहन के जन्म पर हमें घर से बाहर फेंक दिया गया था। इतना ही नहीं पापा की दूसरी शादी तक की बात मां के सामने कही गई। मेरी मां को जब जलाया गया, तो छोटी बहन रोती ही रह गई।'