उन्नाव गैंगरेप केस: मानवाधिकार आयोग ने योगी सरकार को भेजा नोटिस, मांगा जवाब

नई दिल्ली ( 10 अप्रैल ): उन्नाव गैंगरेप मामले में एक नया मोड़ आया है। पीड़िता के पिता की मौत होने के बाद राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग ने उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार को नोटिस भेजा है। आयोग ने सरकार से पिता की मौत और पीड़िता के आरोपों पर जवाब मांगा है। उधर, मामले की जांच के लए विशेष जांच टीम का गठन कर दिया गया है।

एनएचआरसी ने मुख्य सचिव और डीजीपी से पूरे मामले पर गई कार्रवाई की विस्तृत रिपोर्ट मांगी है। रेप पीड़िता के पिता की न्यायिक हिरासत में मौत पर 24 घंटे के अंदर डीजीपी से जवाब मांगा गया है। 

रेप पीड़िता की एफआईएर न लिखने पर भी राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग ने जताया ऐतराज है और कारण पूछा है। मानवाधिकार आयोग ने मुख्य सचिव को निर्देश दिया है कि पीड़ित परिवार को समुचित मदद मिले और शोषण न हो। पीड़िता के पिता की जुडिशल कस्टडी में मौत और पोस्टमार्टम रिपोर्ट में 19 घावों पर भी मानवाधिकार आयोग ने जवाब पूछा है। राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग ने विस्तृत रिपोर्ट 4 हफ्ते में मांगी है। 

गौरतलब है कि उत्तर प्रदेश के बांगरमऊ से विधायक कुलदीप सिंह सेंगर के ऊपर पीड़िता ने एक साल पहले रेप करने का आरोप लगाया था। कहीं सुनवाई न होने पर पीड़िता ने रविवार को सीएम आवास के सामने आत्महत्या की कोशिश की थी। इसी दौरान आर्म्स ऐक्ट के तहत हिरासत में लिए गए पीड़िता के पिता की जेल में मौत हो गई थी।

पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में उनके साथ मारपीट की पुष्टि हुई है और उनके शरीर पर चोटों के 19 निशान मिले हैं। मामले में विधायक के भाई अतुल सेंगर की गिरफ्तारी हुई है। अतुल पर आरोप है कि उसने युवती के पिता के साथ मारपीट की थी और बाद में जेल के अंदर भी उसे बुरी तरह मारा पीटा था जिसकी वजह से उसकी मौत हो गई। हालांकि पुलिस कस्टडी में मौत से साफ इनकार कर रही है।