हिलेरी क्लिंटन के राष्ट्रपति चुने जाने की संभावना बढ़ी, ट्रंप तीसरी डिबेट भी हारे

नई दिल्ली ( 20 अक्टूबर ) : अमेरिकी राष्ट्रपति पद के लिए डेमोक्रेट पार्टी की हिलेरी क्लिंटन व रिपब्लिकन डोनाल्ड ट्रंप के बीच तीसरी और आखिरी बहस खत्म हो चुकी है। इस बार भी दोनों प्रतिद्वंदियों ने हाथ नहीं मिलाया। ट्रंप ने कहा कि यदि वो चुनाव जीतते हैं तो इस्लामी कट्टरपंथी आतंकवाद को खत्म कर देंगे। वहीं अमेरिका में गन राइट्स के मुद्दे पर हिलेरी ने कहा कि मैं मैं बंदूक स्वामित्व की परंपरा का सम्मान करती हूं, लेकिन साथ ही सही तरीके इसके संचालन की भी जरूरत है।इसके अलावा तीखी बहस में जब हिलेरी ने ट्रंप को दुनिया का सबसे खतरनाक प्रत्याशी बताया। हिलेरी के इस बयान पर ट्रंप ने कहा कि अगर वो अमेरिका के लिए सही नहीं हैं तो हिलेरी दुनिया के लिए खतरनाक हैं।

बहस की शुरुआत सुप्रीम कोर्ट से हुई। इस मुद्दे पर बोलते हुए हिलेरी ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट को अमेरिका के लोगों का साथ देने की जरूरत है, कंपनियों को नहीं। हिलेरी ने कहा कि इस मुद्दे पर वह ट्रंप के विचारों से सहमत नहीं हैं। वहीं ट्रंप ने कहा कि मैं ऐसे जज कि नियुक्ति करूंगा जो कि दूसरे संशोधन की रक्षा कर सकें। मेरे पास 20 जजों की लिस्ट है मैं उनकी नियुक्ति मैं करूंगा। वहीं हिलेरी ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट अमेरिकन लोगों के लिए हो, केवल अमीर लोगों के लिए नहीं।


एबॉर्शन भी रहा मुद्दा 
एबॉर्शन के मुद्दे पर हिलेरी ने कहा, "मैं महिलाओं के अधिकारों की रक्षा करूंगी, जिसमें वो अपने स्वास्थ्य संबंधी निर्णय ले सकें। एबॉर्शन एक महिला और उसके परिवार के सामने अंतिम विकल्प होता है। सरकार को इसमें हस्तक्षेप करने की जरूरत नहीं है।" वहीं ट्रंप ने इस मुद्दे पर हिलेरी को घेरते हुए कहा कि यदि आप हिलेरी के अनुसार चलते हैं तो आप नौवें महीने में मां की कोख से किसी भी समय बच्चे को निकाल सकते हो। उन्होंने कहा मैं जीवन का पक्षधर हूं।

पुतिन के हाथों की कठपुतली हैं ट्रंप 
बहस के दौरान क्लिंटन ने ट्रंप को रूस के राष्ट्रपति पुतिन के हाथों की कठपुतली कहा। उन्होंने कहा कि चुनावों में ट्रंप पुतिन से मदद लेते रहे हैं। वहीं हिलेरी के आरोपों का जवाब देते हुए ट्रंप ने कहा, "मैं पुतिन को नहीं जानता हूं, वह मेरे परम मित्र नहीं हैं। हां यदि अमेरिका और रूस साथ आ जाते हैं तो इसमें कोई बुराई नहीं होगी। इसका जवाब देते हुए क्लिंटन ने कहा कि तब तो ट्रंप देश की खुफिया एजेंसियों से ज्यादा पुतिन का भरोसा करेंगे। इस पर ट्रंप ने जवाब दिया कि हिलेरी पुतिन से इसलिए चिढ़ती है क्योंकि वह रूस ने उन्हें हर कदम पर पीछे छोड़ दिया है।

दोनों उम्मीदवारों में प्रवासी के मुद्दे को लेकर भी तीखी बहस हुई। इस मुद्दे पर ट्रंप ने कहा "हमें सुरक्षित सीमाएं चाहिए, मैं दीवारें खड़ी करना चाहता हूं। यहां कुछ दुष्ट प्रवासी हैं जिन्हें मैं यहां से बाहर फेंकने जा रहा हूं। हिलेरी खुली सीमा की पक्षधर है। सीरिया से लोग यहां आएंगे... दुनिया से लोग यहां आएंगे.. हमें कट्टरवादी इस्लाम को रोकना होगा। वहीं हिलेरी ने कहा कि उन्होंने सीमा सुरक्षा के मुद्दे पर वर्षों से कार्य किया । देश में कानून का राज है।" 


लादेन की तरह बगदादी का भी होगा खात्मा 

हिलेरी क्लिंटन ने कहा कि मोसुल को आइएस के चंगुल से आजाद कराना हमारी प्राथमिकता होगी और हम बिन लादेन की तरह हम बगदादी का भी खात्मा करेंगे। वहीं ट्रंप ने कहा कि अमेरिका के हाथ से मोसुल निकलने के लिए हिलेरी जिम्मेदार हैं। ट्रंप ने कहा "इरान अब इराक पर कब्जे की तैयारी कर रहा है, और हम उन्हें रास्ता दे रहे है। सीरिया के राष्ट्रपति बशर अल असद राष्ट्रपति ओबामा से ज्यादा स्मार्ट हैं। ओबामाकेयर अमेरिका को बर्बाद कर रहा है, इस सरकार को जाना ही होगा।"