गोरखपुर कांड पर उद्धव ने CM योगी और PM पर साधा निशाना, कहा- क्या बदला ?

दीपक दुबे, मुंबई (14 अगस्त): उद्धव ठाकरे ने एकबार फिर पीएम मोदी और योगी आदित्यनाथ पर जमकर हमला बोला है। उद्व ठाकरे ने शिवसेना के मुख पत्र सामना के संपादकीय में उत्तर प्रदेश के गोरखपुर में अस्पताल में मारे गए बच्चों को लेकर सीएम योगी और पीएम मोदी पर हमला बोला है। उद्धव ठाकरे ने गोरखपुर अस्पताल में बच्चों की मौत को संपादकीय में 'सामूहिक बाल हत्याकांड' करार दिया दिया है। साथ ही उन्होंने उत्तर प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री सिद्धार्थ नाथ की बयान को बेहद शर्मनाक और बेशर्मी वाला करार देते हुए सीएम योगी से उनसे तुरंत इस्तीफा मांगने को कहा है।

सामना के संपादकीय में उद्धव ने उत्तर प्रदेश सरकार पर आरोप लगाया है कि 4 में आखिर कैसे 70 बच्चों की मौत हुई और अब इस मामले को दवाने का काम शुरू हो गया है। उद्धव ने योगी आदित्यनाथ पर हमला बोलते हुए कहा है कि पूर्व उपराष्ट्रपति हामिद अंसारी के बयान के बाद देश में तीखी प्रतिक्रिया उमड़ी, लेकिन उत्तर प्रदेश के गोरखपुर स्थित अस्पताल में 70 बच्चों ने तड़पकर अपनी जान दे दी लेकिन इस पर किसी ने कोई आवाज़ नहीं उठाई। यह गोरखपुर वही जिला है जहां उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की पहले से ही हुकूमत है। इसी गोरखपुर में बच्चों की मौत का यह तांडव दरअसल इंसानियत और प्रशासन के लिए कलंक है।

उद्धव ने सामना के सम्पादकीय में योगी आदित्यनाथ से पुछा है कि अस्पताल की ऑक्सीजन आपूर्ति बंद हो गयी और 70 बच्चों की मौत हो गयी। ऑक्सीजन आपूर्ति करनेवाली कंपनी का बिल समय पर नहीं भरा गया जिसके चलते ऑक्सीजन की आपूर्ति बंद हो गयी। बच्चों के इस हत्याकांड की ज़िम्मेदारी कौन लेगा ? उद्धव ने कहा है कि हिन्दुस्तान की स्वतंत्रता दिवस पर लाल किले से प्रधानमंत्री के भाषण की ज़ोरदार तयारी चल रही है वहीं दूसरी तरफ उत्तर प्रदेश में बाल मृत्यु का तांडव होना स्वतंत्रता का अपमान है।


उद्धव ठाकरे ने प्रधानमंत्री पर हमला बोलते हुए कहा है कि केंद्र में सत्ता परिवर्तन के बाद आम लोगों और गरीबों की ज़िन्दगी में 'अच्छे दिन' आयेंगे, ऐसी उम्मीद की किरणे जागी थी लेकिन आज भी ग्रामीण क्षेत्रों के सरकारी अस्पताल में ना दवाइयां है, न सुविधाएं और ना ही ऑक्सीजन जैसी ज़रुरत की चीज़ें है। फिर बदला तो क्या ? उत्तर प्रदेश के स्वास्थय मंत्री कहते है की अगस्त में बच्चे मरते है। क्या किया जाए इस मंत्री का ?       

उन्होंने कहा है कि उत्तर प्रदेश के गोरखपुर के अस्पताल में 70 बच्चों की मौत मतलब सामूहिक बाल हत्याकांड ही है। यह गरीबी का अपमान है। उद्धव में योगी आदित्यनाथ पर चुटकी लेते हुए कहा है कि सिद्धार्थनाथ कोंग्रेस या समाजवादी पार्टी के स्वास्थय मंत्री होते तो अब तक सूली पर चढ़ाकर शासनकर्ताओं का क्रिया-कर्म भी हो चूका होता। उद्धव ने कहा है कि उत्तर प्रदेश के स्वास्थय मंत्री सिद्धार्थ नाथ कहते है की गोरखपुर के अस्पताल में हुई बच्चों की मौत अगस्त में फैलने वाले "हैजा" बीमारी के चलते हुआ। अगस्त महीने में यहां बच्चे मरते है यह कहने वाले स्वास्थ्य मंत्री से मेरा सवाल है की इस  हैजे की फांस सिर्फ गरीबों के घरों में ही क्यों घूमती है ? अगस्त में मंत्रियों और दबंगों के घर में हैजे की फांस क्यों नहीं घुसती? क्यूंकि गरीब लाचार और लावारिस है और हर सरकार उसे फांसकर कुर्सी प्राप्त कर लेती है।