घूसखोरी में भारत अव्वल, चीन में भी बढ़ रही हैं रिश्वतखोर

नई दिल्ली (8 मार्च): दुनिया भर में भ्रष्टाचार पर नजर रखने वाले ट्रांसपेरेंसी इंटरनेशनल के एक सर्वे के मुताबिक 10 में से करीब 7 भारतीयों को सार्वजनिक सेवाएं लेने के लिए किसी न किसी रूप में घूस देनी पड़ती है। रिश्वतखोरी के मामले में भारत एशिया-प्रशांत क्षेत्र में शीर्ष पर है। अंतरराष्ट्रीय भ्रष्टाचार निरोधक अधिकार समूह 'ट्रांसपेरेंसी इंटरनेशनल' के इस सर्वे के अनुसार, भारत में 69 फीसदी लोगों ने कहा कि उन्हें घूस देनी पड़ी। 

वहीं वियतनाम में ऐसा कहने वालों की संख्या 65 फीसदी, पाकिस्तान में 40 फीसदी और चीन में 26 फीसदी थी। सर्वे के मुताबिक, रिश्वत देने की दर जापान में सबसे कम 0.2 फीसदी तथा दक्षिण कोरिया में केवल तीन फीसदी पाई गई। सर्वे के अनुसार भारत में पुलिस विभाग सबसे ज्यादा भ्रष्ट है।

चीन में इस बुराई की दर बढ़ती प्रतीत होती है, क्योंकि सर्वे में 73 फीसदी लोगों ने कहा कि पिछले कुछ सालों में उनके देश में रिश्वत का चलन बढ़ा है। सर्वे के मुताबिक, रिश्वत के मामले में पाकिस्तान, ऑस्ट्रेलिया, जापान, म्यामांर, श्रीलंका और थाईलैंड जैसे देश भारत से नीचे रहे और भारत का स्थान सातवां रहा। इस सर्वे में एशिया प्रशांत क्षेत्र की करीब 90 करोड़ की आबादी वाले 16 देशों के 20 हजार से अधिक लोगों ने कहा कि उन्हें पिछले एक साल में कम से कम एक बार तो रिश्वत देनी ही पड़ी।