जन्म से ही अलग दो जुड़वां भाइयों को फेसबुक ने ऐसे मिलाया

जालंधर(14 फरवरी): सोशल नेटवर्किंग साइट फेसबुक अब तक कई बिछड़े दोस्तों को मिलाने में मदद किया है। लेकिन अब जो मामला सामने आया है वह बेहद रोचक है। कहें फिल्मी है तो गलत नहीं होगा। जी हां फेसबुक दो ऐसे जुड़वां भाइयों को मिलाया है जो जन्म से ही अलग थे। दरअसल फेसबुक पर फेसबुक पर ऑनलाइन गेम ने दोनों को 16 साल बाद मिलाया।  

- शुरुआत हुई जब शिवम को फेसबुक पर ऑनलाइन गेम का चैलेंज आया। भेजने वाले का नाम था हेमंत। गेम शुरू हुआ। दोनों एक दूसरे को बराबरी की टक्कर दे रहे थे।

- एक दिन शिवम ने हेमंत की प्रोफाइल फोटो देखी। उससे पूछा, क्या तुमने मेरी फोटो देखी है? हेमंत ने फोटो देखकर कहा, तुमने मेरी फोटो क्यों लगाई है? शिवम ने कहा- हम भाई हैं।

- हेमंत ने चौंक कर पूछा, कसम खा कर बोल। सच बोल रहा है? शिवम ने कहा, बिल्कुल सच। बीते 10 फरवरी को दोनों पहली बार मिले। जन्म देने वाली मां मीनाक्षी भी उनके साथ थीं।

- ये कहानी पंजाब के लुधियाना से शुरू हुई। 14 सितंबर 2001 को तलाकशुदा मीनाक्षी ने जुड़वा बच्चों को जन्म दिया।

- वो अकेली दो बच्चों की जिम्मेदारी नहीं उठा पाएंगी, ये सोच उनके माता-पिता ने एक बच्चे हेमंत को जालंधर के अर्जुन शर्मा को दे दिया।

- एक साल पहले हेमंत को पड़ोसी से पता चला कि वह गोद लिया गया है। उसे जुड़वा होने की बात भी पता चली।

- वो अपने भाई को ढूंढने लगा। उसके पिता अर्जुन ने बताया, ‘दिलचस्प बात ये है कि दोनों न सिर्फ एक जैसे दिखते हैं, उनकी एक्टिविटी और पसंद-नापसंद भी एक जैसी है।

- पिछले साल अपने जन्मदिन पर जब हेमंत हमसे अपने भाई से मिलाने के लिए झगड़ रहा था, तब शिवम भी लुधियाना में परेशान बैठा था।

- दोनों ने गुस्से में खुद को बाएं हाथ पर मारकर घायल कर लिया था। दोनों को खाने में साग और कढ़ी-चावल पसंद है।

बेटे ने कहां मां दूसरे बटे से लो करो बात

- इधर मीनाक्षी ने बताया, ‘9 फरवरी की रात करीब 2 बजे शिवम ने मेरे पास आकर कहा, मां अपने दूसरे बेटे से बात करो।

- आवाज सुनते ही मैं रोने लगी। डेढ़ महीने का था जब उसे आखिरी बार देखा था। सुबह होते ही शिवम और मैं जालंधर पहुंचे।

- हेमंत बस स्टॉप पर हमारा इंतजार कर रहा था। ये पल मेरे लिए सपने जैसा था।’ अब दोनों भाई जालंधर में ही हैं।

- शिवम को भी लोगों के जरिए जुड़वां भाई के बारे में पता चला था। वो हमेशा मीनाक्षी से भाई को ढूंढने को कहता था।

- मीनाक्षी को पता था कि दोनों एक जैसे दिखते हैं। वो अक्सर लुधियाना के स्कूलों के बाहर शिवम की फोटो लेकर खड़ी रहती थी।

- सोचती कि शायद कोई फोटो देखकर उसे उसके दूसरे बेटे से मिला दे।