संसद में पास नहीं होना चाहिए तीन तलाक बिल: आल इंडिया मुस्लिम पर्सनल ला बोर्ड


न्यूज 24 ब्यूरो, नई दिल्ली (16 दिसंबर): रविवार 16 दिसंबर को राजधानी लखनऊ में आल इंडिया मुस्लिम पर्सनल ला बोर्ड की बैठक हुई। बैठक के बाद प्रेसवार्ता के दौरान बोर्ड की कार्यकारिणी के सदस्य और प्रवक्ता जफरयाब जीलानी एडवोकेट ने कहा कि अयोध्या मामले में अगर राम मंदिर निर्माण के लिये संसद में आध्यादेश लाया गया तो मुस्लिम पर्सनल ला बोर्ड सुप्रीम कोर्ट में उसे चुनौती देगा। उन्होंने कहा कि अयोध्या में कानून बनाकर मंदिर निर्माण के बाबत हो हे आयोजनों और बयानों का रविवार को लखनऊ के नदवा कालेज में आयोजित बोर्ड की कार्यकारिणी बैठक में कई मुद्दों पर विस्तृत चर्चा की गयी।  

इस पहले शनिवार को लखनऊ में बोर्ड की महिला विंग की कार्यशाला में बोर्ड के महासचिव मौलाना वली रहमानी ने कहा था कि इस्लामी शरीअत औरतों की सुरक्षा करने वाली है। यह शरीअत कयामत तक कायम रहेगी।  


मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड के सदस्य डॉ काज़िम रसूल ने कहा कि तीन तलाक को लेकर जो बिल आया है वह हमें मजूंर नहीं है। हम चाहते हैं कि संसद में बिल पास नहीं होना चाहिए।‘तहफ्फुज-ए-शरीअत व इस्लाह-ए-माअशरा’ शीर्षक से आयोजित इस कार्यशाला में बोर्ड की कार्यकारिणी के सदस्य और प्रवक्ता जफरयाब जीलानी एडवोकेट ने कहा कि मुस्लिम पर्सनल ला बोर्ड के पैगाम, मकसद और इसके फैसलों को मुसलमानों के घर-घर तक पहुंचाने के लिए बोर्ड की महिला विंग की स्थापना की गयी है। 


इमाम ईदगाह मौलाना खालिद रशीद फरंगी महली ने महिलाओं से अपील करते हुए कहा कि वह एक अच्छे समाज की स्थापना में भरपूर हिस्सा लें और इस्लामी शरीअत में महिलाओं को दिये गए अधिकारों से लोगों को अवगत करवाएं।