जानिए क्यों यहां केवल एक मुसाफिर के लिए चल रही है ट्रेन...

नॉर्थ आइलैंड (11 जनवरी): क्या आपने कभी सुना है कि एक मुसाफिर के लिए ट्रेन चलाई जा रही हो, अगर नहीं, तो आज हम आपको बताते हैं कहां चल रही है एक मुसाफिर के लिए एक ट्रेन। दुनिया में एक ऐसा रेलवे स्टेशन भी है, जहां केवल एक मुसाफिर के लिए ही ट्रेन चलाई जा रही है ताकि उस मुसाफिर को आने-जाने में तकलीफ ना हो।
 
पहले किया था बंद करने का फैसला
ये है जापान के नॉर्थ आइलैंड का एक छोटा सा गांव कामी शिराताकी। इस इलाके के तकरीबन सभी गांवों में आबादी नाममात्र की ही है। इसी वजह से इस रुट पर चलने वाली ट्रेन घाटे में चल रही थी। घाटे को देखते हुए रेलवे मिनिस्ट्री ने इस रुट पर चलने वाली इस एकमात्र ट्रेन को बंद करने का फैसला लिया था।
क्यों चलती है ट्रेन
ट्रेन बंद होती उसके पहले रेलवे के अधिकारियों को कामी शिराताकी गांव की इस स्टूडेंट के बारे में पता चला। दरअसल ये स्टूडेंट हाईस्कूल में पढ़ती हैं और वो रोजाना इसी ट्रेन से स्कूल से आना-जाना करती है। रेलवे अधिकारियों को जब इस स्टूडेंस की जानकारी मिली, तो उन्होनें रेलवे मिनिस्ट्री इसकी सूचना दी। इसके बाद रेलवे मिनिस्टरी ने ट्रेन को बंद करने के फैसले पर रोक लगा दी, क्योंकि इस स्टूडेंट के पास स्कूल जाने के लिए कोई दूसरा साधन मौजूद नहीं था।
स्टूडेंट की छुट्टी के दिन नहीं चलती ये ट्रेन
सिर्फ एक स्टूडेंट के लिए ये ट्रेन चलाई जा रही है, ट्रेन की टाईमिंग को स्टूडेंट के स्कूल टाइम से मैच किया गया है। सबसे अहम और खास बात ये है कि जिस दिन इस स्टूडेंट की स्कूल की छुट्टी होती है, उस दिन ट्रेन नहीं चलाई जाती।
मार्च में बंद हो जाएगी ट्रेन
मार्च में ये ट्रेन बंद हो जाएगी, क्योंकि इस ट्रेन की एकमात्र मुसाफिर इस स्टूंडेंट का ग्रेजुएशन मार्च में हो जाएगा। लेकिन इस पूरी घटना से ये सीखा जा सकता है कि जापानी सरकार के लिए एक बच्ची की पढ़ाई कितनी अहमियत रखती है, जिसकी मिसाल बहुत कम देखने को मिली है।