मोदी सरकार में 'सबसे बड़ी' हड़ताल से 18,000 करोड़ का नुकसान: एसोचैम

नई दिल्ली (2 सितंबर): सेंट्रल ट्रेड यूनियन्स की हड़ताल से देश को भारी नुकसान हो रहा है। ट्रेड, ट्रांसपोर्ट, मैनुफैक्चरिंग फैसिलिटीज़ और बैंकिंग सर्विसेज़ के बंद होने से करीब 16,000-18,000 करोड़ रुपए के नुकसान की संभावना है। एसोचैम असेसमेंट ने शुक्रवार को यह दावा किया।

रिपोर्ट के मुताबिक, एसोसिएटिड चैम्बर्स ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री (एसोचैम) ने कहा कि भारत हड़ताल और बंद के असर को झेलने के लिए तैयार नहीं है।  - इसे अपनी जीडीपी ग्रोथ को बढ़ाना है। जिसके लिए मैनुफैक्चरिंग और दूसरे अहम सेक्टर्स की सर्विसेस को सुधारना होगा। - इंडस्ट्री बॉडी ने कहा कि पब्लिक सेक्टर और प्राइवेट सेक्टर में उत्पादन रुकने से और ट्रांसपोर्ट सर्विस रुकने से ग्रोथ की रफ्तार पर असर पड़ेगा।