थाइलैंड: सोते हुए बच्चों को गुफा से ऐसे निकाला गया बाहर


न्यूज 24 ब्यूरो, नई दिल्ली ( 11 जुलाई ): थाईलैंड की थैम लुआंग गुफा में बीते 18 दिनों से फंसे 12 बच्चों और उनके कोच को काफी मशक्कत के बाद आखिरकार सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया. गुफा में फंसे सभी बच्चे अंडर-16 फुटबॉल टीम के खिलाड़ी हैं। इन बच्चों के लिए चलाया गया बचाव अभियान पूरी दुनिया में सालों तक याद किया जाएगा।


इस असंभव अभियान को पूरा करने के लिए थाइलैंड नेवी सील, दुनिया के दिग्गज गोताखोर और स्थानीय सुरक्षाबलों ने गजब का अभियान चलाया। गोताखोर 'मिशन इम्पॉसिबल' को पूरा करने के लिए ताकत झोंक चुके थे। दुनियाभर से गुफा में फंसे बच्चों के लिए दुआएं आ रही थीं। 



अब इस अभियान में शामिल एक पूर्व नेवी सील कमांडो ने बुधवार को बताया कि इस जोखिमभरे रास्ते से निकालने के लिए बच्चों को स्ट्रेचर पर सोते हुए लाया गया। गुफा से बच्चों और उनके कोच को बचाने का ऑपरेशन रविवार को शुरू हुआ था और तीन दिन बाद इसके पूरा होने तक इसकी जानकारी किसी को नहीं दी गई।

कमांडर चाययंथा ने जानकारी दी, 'कुछ बच्चे सोए हुए थे, जबकि कुछ बच्चे थोड़े भयभीत भी थे।' थाम लुआंग गुफा में मौजूद डॉक्टर लगातार बच्चों की नब्ज और उनकी स्थिति पर नजर बनाए हुए थे। उन्होंने कहा, 'मेरा काम बच्चों को वहां पहुंचाना था। बच्चों को स्ट्रेचर में लपेटकर बाहर लाया गया।'


'वाइल्ड बोर्स' टीम के 11-16 वर्ष के फुटबॉलर बच्चों को गोताखोरी का कोई अनुभव नहीं था। इसके अलावा एक पूर्व नेवी सील कमांडो ने निधन की खबर ने गुफा के खतरों को रेखांकित किया था। थाइलैंड ने कहा था कि दुनिया के 13 बेहतरीन गोताखोरों को इस अभियान में लगाया गया था। इन गोताखोरों में एक ऑस्ट्रेलिया के रिचर्ड हैरी हैरिस भी थे जो प्रफेशनल गोताखोर हैं।