‘ऑपरेशन रूम’: भारतीय सैन्य ठिकाने व सुरक्षाबल पहला टारगेट

नई दिल्ली (11 अगस्त): पाकिस्तान बखूबी समझ गया है कि वह पारंपरिक युद्ध में भारतीय सैन्य ताकत का मुकाबला नहीं कर सकता। यही वजह है कि अब वह लश्कर-ए-तैयबा और हिजबुल मुजाहिदीन जैसे आतंकी संगठनों को नए सिरे से पाल-पोस रहा है। पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आइएसआइ और फौज ने लश्कर व हिजबुल की मदद से ‘ऑपरेशन रूम’ शुरू किया है। इसका एकमात्र मकसद भारतीय सैन्य ठिकानों और भारतीय सुरक्षा बलों पर हमले करना है। ऊधमपुर और पठानकोट से लेकर दो-तीन दिन पहले जम्मू-कश्मीर से लगी सीमा पर घात लगाकर तीन भारतीय सुरक्षा बलों पर किया गया हमला इसी ऑपरेशन का नतीजा है।

सूत्रों के मुताबिक ऑपरेशन रूम के जरिये पाकिस्तानी साजिशकर्ता दो मकसद हासिल करना चाहते हैं। एक तो वे कश्मीर में अपने लड़ाकों को यह संदेश देना चाहते हैं कि भारतीय सुरक्षा बलों को भी हानि पहुंचाई जा सकती है। दूसरा, वे जानते हैं कि इससे उन्हें अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कश्मीर को जिंदा रखने में मदद मिलती है। जब भी भारतीय सेना की आतंकियों से मुठभेड़ होती है तो पहले उसे भारतीय मीडिया में बड़ा स्थान मिलता है और उसके बाद अंतरराष्ट्रीय मीडिया भी कश्मीर सीमा पर झड़प के तौर पर इसे पेश करती है।

ऑपरेशन रूम में शामिल होने के लिए आतंकियों का चयन उच्च स्तर पर होता है और उन्हें आम आतंकियों के मुकाबले ज्यादा कठिन प्रशिक्षण दिया जाता है। उन्हें प्रशिक्षण पाकिस्तान सेना के पूर्व अधिकारी देते हैं। यही नहीं, इन आतंकियों को अन्य के मुकाबले कई गुना ज्यादा राशि भी मिलती है। चूंकि इस तरह का हमला फिदायीन आतंकी ही करते हैं इसलिए रकम इन आतंकियों के परिवार को दी जाती है। इन हमलों में शामिल कोई भी फिदायीन या तो निरक्षर होता है या बहुत कम पढ़ा-लिखा। जिनका ब्रेनवाश करना बहुत आसान होता है। उन्हें यह समझाया जाता है कि भारतीय सेना पर हमला करना उनकी तरफ से किया जाने वाला सबसे पाक कदम होगा।

हाल के दिनों में यह भी देखा गया है कि कुछ महीनों की शांति के बाद भारत-पाक सीमा पर कई तरह की गतिविधियां सामने आ रही हैं। पाकिस्तानी सैन्य बल बार बार उकसावे की कार्रवाई कर रहे हैं। गुलाम कश्मीर में हिजबुल आतंकी सैयद सलाहुद्दीन की बढ़ती गतिविधियों को भी इसी का हिस्सा माना जा रहा है। पिछले कुछ वर्षो से पर्दे के पीछे रह रहा सलाहुद्दीन अब खुलकर भारत विरोधी रैलियों का आयोजन करने लगा है।