साधु के वेश में आतंकी कर सकते हैं हमला, सीएम योगी निशाने पर

लखनऊ (22 अप्रैल): योगी आदित्यनाथ का कार्यालय आतंकियों के निशाने पर है। साधु संतों के वेश में आतंकी हमला हो सकता है। यूपी की कई अहम इमारतें जिनमें मुख्यमंत्री कार्यालय, हवाई अड्डे और ऐतिहासिक इमारतें, आगरा जैसे पर्यटक स्थल आतंकियों के निशाने पर हैं।


साधु संत के वेश में आतंकी यूपी में घुस गए हैं। ये आतंकी नेपाल बांग्लादेश के रास्ते भारत में आए हैं। यूपी पुलिसा का सीक्रेट अलर्ट है। एमपी पुलिस की इंटेलिजेंस यूनिट से जानकारी मिलने के बाद यूपी की सुरक्षा शाखा ने सभी जोन के आईजी, रेंज के डीआईजी, जिलों के कप्तान व एएसपी रेलवे को अलर्ट कर दिया है। इसके अलावा शुक्रवार की रात से खुफिया एजेंसियों को भी चौकन्ना कर दिया गया है।


क्या हैं इनपुट्स?

एमपी इंटेलिजेंस से मिले इनपुट के मुताबिक, आतंकी वारदात के लिए यूपी में भेजे गए युवा 17-18 साल के हैं। इन लोगों को हिंदू धर्म के रीति-रिवाजों की ट्रेनिंग दी गई है। यह लोग साधु संतों व तांत्रिकों के वेश में रहते हैं। इसी साल फरवरी में 20-25 युवाओं को आतंकी संगठनों ने भारत-नेपाल बॉर्डर से यूपी में भेज दिया है। यूपी में घुसने के बाद इन लोगों ने हिंदू बहुल शहरों में हिंदू बस्तियों में ठिकाना बना लिया है। पुलिस और सुरक्षा एजेंसियों से बचने के लिए आतंकी अपना हिंदू नाम रखकर किराए के मकान में रहने की योजना लेकर दाखिल हुए हैं। अयोध्या, काशी, मथुरा के अलावा आगरा का ताज महल, इलाहाबाद और लखनऊ की हाई कोर्ट बिल्डिंग, विधान भवन, सचिवालय के अलावा प्रमुख प्रतिष्ठान, रेलवे स्टेशन और भीड़ भाड़ वाले बाजार इनके निशाने पर हैं।


ऑपरेशन कृष्णा इंडिया से है ताल्लुक

पाक खुफिया एजेंसी आईएसआई ने हिंदू रीति रिवाजों का प्रशिक्षण देकर एजेंटों को हिंदू आबादी में प्रवेश करवाने के लिए ऑपरेशन कृष्णा इंडिया शुरू किया था। इन एजेंटों को भी उसी का हिस्सा माना जा रहा है। आईएसआई की योजना इन एजेंटों को साधु वेश् में धार्मिक स्थलों में स्थापित करने की है, ताकि वह अपना काम आसानी से कर सकें। उसके बाद यह लोग धार्मिक विद्वेष फैलाने के साथ ही किसी बड़ी घटना को अंजाम देने की रणनीति बना सकते हैं।