आतंकी हमले की शिकार पाकिस्तानी यूनिवर्सिटी में बंदूक के साथ आएंगे छात्र

पेशावर (16 फरवरी): पाकिस्तान की बाचा खान यूनिवर्सिटी आतंकी हमले के बाद पहली बार सोमवार को खुली। बीते 20 जनवरी को इस यूनिवर्सिटी पर आतंकी हमला हुआ था। इसमें 21 लोगों की मौत हो गई थी। अब जब 26 दिन बाद यह यूनिवर्सिटी खुली तो यहां के सभी टीचर्स और स्टाफ को हथियार लेकर आने की इजाजत मिल गई। सरकार ने सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए यह कदम उठाया है। 

यूनिवर्सिटी के वाइस चांसलर फैजल रहीम मारवात के अनुसार कैम्पस में सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं। वहीं प्रोफेसर्स और टीचर्स को लाइसेंसी हथियार ले जाने की इजाजत दे दी गई है। हालांकि इस आदेश में यह कहा गया है कि उन्हें हथियार छिपाकर रखना होगा।

बच्चे भी ला सकते हैं हथियार स्टूडेंट्स को हथियार के साथ आने की इजाजत मिल गई है। लेकिन उनके साथ शर्त यह है कि उन्हें कैम्पस के गेट पर इसे जमा करना होगा। यूनिवर्सिटी के अंदर चप्पे-चप्पे पर सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं।

सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम यहां की दीवारों को और ऊंचा कर दिया गया है। सुरक्षा के लिए तैनात जवानों की संख्या 54 से बढ़ाकर 84 कर दी गई है। इससे पहले पेशावर आर्मी स्कूल पर भी बड़ा आतंकी हमला हो चुका है जिसमें 132 बच्चे और टीचर्स मारे गए थे। तभी से वहां के टीचर्स भी हथियार रखते हैं।