इन वजहों से जयललिता को भगवान मानते हैं लोग

नई दिल्ली(6 दिसंबर): जिंदगी के लिए 75 दिन के संघर्ष के बाद 68 साल की जे. जयललिता का सोमवार देर रात निधन हो गया। छह बार तमिलनाडु की सीएम रहीं जयललिता 22 सितंबर से अपोलो हाॅस्पिटल में एडिमट थीं। उन्हें लंग इन्फेक्शन था। सोमवार रात 11.30 बजे उन्होंने आखिरी सांस ली। 
- तमिलनाडु की जनता उन्हें भगवान की तरह मानती है। उन्होंने गरीबों के हित के लिए कई फैसले ऐसे लिए जिसकी बदौलत लोग उन्हें अम्मा के नाम से पुकारने लगे। जब जयललिता आय से अधिक संपत्ति के मामले में जेल गई थीं तो सैकडों समर्थकों ने आत्महत्या तक कर ली थी। 

- तमिलनाडु की सीएम जयललिता पूरे राज्य में 'अम्मा' के नाम से फेमस हैं। उनके समर्थक उन्हें भगवान मानते हैं।

- जयललिता ने अपने समर्थकों के लिए कम कीमत में 'अम्मा' के नाम से कई ऐसी योजनाएं चलाईं हैं जो पूरे देश मेंं प्रचलित हैं।

- उन्होंने तमिलनाडु की जनता के लिए नमक से लेकर सिनेमा तक कम दाम में मुहैया कराया है।

- वह चाहती थी राज्य के गरीब लोगों को वह सब मिले जिसके वह हकदार हैं।

- जयललिता की जनकल्याणकारी योजनाएं वजह से लोगों को उनसे भावनात्मक लगाव है।

- तमिल की एक मशहूर कहावत है. “जो भी आपको नमक देगा, अपनी आखिरी सांस तक आपको उसका वफ़ादार रहना होगा।

जयललिता का राजनैतिक सफर

- 68 साल की जयललिता 35 साल से राजनीति में थीं। 6 बार तमिलनाडु की मुख्यमंत्री बनीं और 10 साल तक राज्य पर शासन किया।

-1982 में जयललिता ने एआईएडीएमके पार्टी ज्वाइन की थी। एमजीआर उन्हें राजनीति में लाए थे।

-1983 में उन्हें पार्टी का प्रोपगेंडा सेक्रेटरी बनाया गया। इसी दौरान AIADMK के कैंपेन का जिम्मा भी सौंपा गया। 

-1984 से 1989 तक वे तमिलनाडु से राज्यसभा की सदस्य और सांसद भी रहीं।

-1991 के चुनाव में कांग्रेस के साथ गठबंधन करने वाली जयललिता की पार्टी को बहुमत मिला। वह पहली बार तमिलनाडु की सीएम बनीं।

-2001 में वो फिर से सीएम बनीं। लेकिन सुप्रीम कोर्ट ने उनकी नियुक्ति अवैध घोषित कर दी। भरोसेमंद मंत्री ओ. पन्नीसेल्वम को सीएम बनाना पड़ा।

- मद्रास हाइकोर्ट से राहत मिलने के बाद 2002 में वो फिर से सीएम बनीं। 2011 में वो चौथी बार मुख्यमंत्री बनीं।

- 2014 में आय से अधिक संपत्ति के मामले में जेल जाना पड़ा और सीएम पद छोड़ना पड़ा। लेकिन 2015 में आरोपों से बरी होकर वो पांचवी बार सीएम बनीं।

- मई 2016 में वे छठी बार सीएम बनीं।