सरकारी सैलरी पर पल रहा है 'हिजबुल सरगना' का परिवार

नई दिल्ली (15 जुलाई): अब आपको बताते हैं कि जो लोग कश्मीर में या फिर पाकिस्तान की गोद में बैठ कर आजादी का नारा लगा रहे हैं। आतंकी बुरहान को शहीद बता रहे हैं। उनका पूरा सच क्या है? कैसे वो खुद तो सुरक्षित हैं, उनका परिवार मौज कर रहा है। लेकिन, घाटी के गरीब नौजवानों के हाथों में बंदूक पकड़ा रहे हैं। 

पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर में रह रहा हिजबुल मुजाहिद्दीन का सरगना सैय्यद सलाहउद्दीन आतंकी वुरहान वानी को शहीद बता रहा है। इसने कश्मीर में न जाने कितने बेगुनाहों का खून बहाया है। 

कौन है सैय्यद सलाहउद्दीन 

सैय्यद सलाहउद्दीन यूनाइटेड जेहाद काउंसिल भी चलाता है। यूनाइटेड जेहाद काउंसिल ने ही पठानकोट एयरबेस हमले की जिम्मेदारी ली थी लेकिन इसी आतंकी सलाहउद्दीन का परिवार भारत सरकार के टुकड़ों पर पलता है। ये कश्मीर में खून बहा रहा और इसके परिवार का पेट सरकार भर रही है। 

सैय्यद सलाहउद्दीन के चार बेटे और दो बेटियां हैं। 20 फरवरी को पंपोर में हुए आतंकी हमले में बिल्डिंग के भीतर इसका बेटा सैय्यद मुहीद भी फंस गया था। तब भारतीय सेना के जवानों ने अपनी जान जोखिम में डालकर और लोगों के साथ साथ इसके बेटे की जान बचाई। सैय्यद मुहीद जम्मू कश्मीर सरकार में कंप्यूटर आपरेटर की सरकारी नौकरी करता है। सलाहउद्दीन के चार बेटों में तीन  मुहीद, वाहिद, शकील सरकारी नौकरी करते हैं। 

सैय्यद सलाहुद्दीन की दोनों बेटियां भी जम्मू कश्मीर के सरकारी स्कूलों में नौकरी करती हैं। सैय्यद सलाहुद्दीनी की पत्नी ताज बागम कश्मीर के बडगाम जिले में रहती है। हालांकि बच्चो का आपने पिता के आंतकी कारखाने से अब तक कोई संबंध साबित नहीं हुआ है। लेकिन ये भी सच है कि सैय्यद सलाहुद्दीन का पूरा परिवार कश्मीर में आजाद हवा में सांस ले रहा है। पूरी तरह सुरक्षित है। सरकार की सैलरी पर उसका परिवार पल रहा है और ये तब भी नापाक हरकत करने से बाज नहीं आ रहा।

मीरवाइज उमर फारुक को जेड प्लस सुरक्षा

ठीक इसी तरह कश्मीर के हालात को खराब करने और उकसाने के लिए जो अलगाववादी आवाज बुलंद करते हैं। उनके जान की सुरक्षा देश और कश्मीर के जवान करते हैं। ऑल इंडिया हुर्रियत कांफ्रेन्स के नेता मीरवाइज उमर फारुक को जेड प्लस सुरक्षा भारत सरकार ने दी है। आतंकियों की गोली से बचाने के लिए सरकार ने उसके चारो तरफ सुरक्षा का घेरा बनाया हुआ है। 

मीरवाइज अमर फारुक की निजी एंबेसडर कार को बुलेट प्रूफ करने की मंजूरी भी केन्द्रीय गृहमंत्रालय ने दी है। पल पल की जिंदगी मीरावाइज उमर फारुक हमारे सुऱक्षा बलों की निगरानी में सुरक्षित जी रहे लेकिन जुबान जहर घोलती है। सरकार नजरबंद करती है तो मीरवाइज उमर फारुक अपने शानदार घर में बैठकर टीवी चैनलों पर आजादी की बात करते हैं। ऐसी आजादी और ऐसी सुरक्षा उन्हे कहां नसीब होती। मीरवाइज उमर फारुक की तरह दूसरे अलगाववादियों के बच्चे दुनिया के नामचीन कॉलेजों में पढ रहे। सारे अलगाववादी ऐशो आरामा की जिंदगी जी रहे लेकिन मासूम और गरीब कश्मीरियों की भावनओं को भड़काकर अपनी दुकान चलाने की इनको आदत सी पड़ गई है।

वीडियो:

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