स्वीपर बनने के लिए लाइन में 7,000 ग्रैजुएट्स, मास्टर्स!

नई दिल्ली(19 सितंबर): यूपी में बेरोजगारी का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि वाराणसी म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन में 915 सफाई कर्मचारियों के पदों के लिए एक लाख से ज्यादा लोगों ने आवेदन दिया है। इन पदों के लिए कॉर्पोरेशन ने कोई विशेष शैक्षणिक योग्यता नहीं रखी है, फिर भी आवेदकों में 6,700 से ज्यादा ग्रैजुएट या पोस्टग्रैजुएट हैं। यही हाल यूपी के दूसरे जिलों का भी है, जहां बड़ी तादाद में उच्च शिक्षित युवा कॉन्ट्रैक्ट पर सफाई कर्मचारी बनना चाहते हैं।

- उच्च शिक्षित आवेदकों की इतनी बड़ी तादाद राज्य में बेरोजगारी की स्थिति को बयां कर रही है। सफाई कर्मचारियों के लिए वीएमसी को करीब 1 लाख 40 हजार आवेदन मिले हैं। आपको बता दें कि यूपी सरकार ने जुलाई में राज्य के 75 जिलों के लिए संविदा पर 40,000 स्वीपर्स की भर्ती निकाला था, जिन्हें 15-15 हजार रुपये हर महीने मानदेय मिलेगा। इसके लिए शैक्षणिक योग्यता आठवीं पास रखी गई है। इसके अलावा आवेदक को साइकिल और झाड़ू चलाना आना चाहिए।

- म्यूनिसिपल कमिश्नर श्रीहरि प्रताप शाही ने बताया, 'आवेदनों में, ज्यादातर आवेदक हाईस्कूल पास हैं, इसके बाद इंटर पास, ग्रैजुएट और पोस्ट ग्रैजुएट आवेदकों की सबसे ज्यादा संख्या है।' अभी तक करीब एक लाख आवेदनों की डेटा कंप्यूटर पर लोड की जा चुकी हैं। इनमें से 712 पोस्ट ग्रेजुएट हैं, 6,016 ग्रेजुएट, 29,839 हाईस्कूल पास, 51,301 इंटर पास, 222 नौवीं पास और 14,365 आठवीं पास आवेदक हैं। वीएमसी कमिश्नर के मुताबिक चयन प्रक्रिया में उन आवेदकों को तरजीह दी जाएगी, जिनके पास सफाई कार्य करने का अनुभव है।