राष्ट्रपति के भाग्य का फैसला करेगा इस देश का सुप्रीम कोर्ट !

नई दिल्ली (10मई): ब्राजील की राष्ट्रपति डिल्मा रोसेफ के भविष्य का फैसला देश का सर्वोच्च न्यायालय करेगा। क्यों कि देश की संसद में रोसेफ को लेकर अलग-अलग मत बन गये हैं।  निचले सदन के नेता ने कहा है कि सीनेटर राष्ट्रपति के खिलाफ महाभियोग पर मतदान नहीं कर सकते। ब्राजील के राजनीतिक नाटक में नया मोड़ तब आया जब चैंबर ऑफ डिप्टीज के कार्यवाहक स्पीकर ने कहा कि उन्होंने महीने के उस प्रस्ताव को रद्द कर दिया है जिसमें  राष्ट्रपति रोसेफ को सत्ता से बाहर करने और उनके खिलाफ संभावित मुकदमे के लिए सीनेट में मामला भेजने का समर्थन किया था।

कार्यवाहक स्पीकर वाल्दिर मारनहाओ के हैरान कर देने वाले इस कदम की वैधता और इसके संभावित परिणामों को लेकर बहस छिड़ गई है। इस निर्णय से पैदा हुए गतिरोध को देश का सुप्रीम कोर्ट सुलझाएगा। सीनेट के अध्यक्ष रीनन कैलहीरोस ने सहकर्मियों से कहा कि वह मारनहाओ के कदम को नजरअंदाज करने और पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार कार्यवाही के साथ आगे बढ़ने की इच्छा रखते हैं। उन्होंने स्पीकर के कदम की आलोचना करके इसे लोकतंत्र के साथ खिलवाड़ बताया।