अरुणाचल मुद्दे पर SC ने दिया केंद्र को बड़ा झटका, फिर बहाल होगी कांग्रेस सरकार

नई दिल्ली (13 जुलाई): अरुणाचल प्रदेश मामले में सुप्रीम कोर्ट से केंद्र सरकार को बड़ा झटका लगा है। कोर्ट ने अरुणाचल प्रदेश में राष्ट्रपति शासन को असंवैधानिक बताया है। इस फैसले के साथ ही राज्य में बड़ा संवैधानिक संकट खड़ा हो गया है। कोर्ट के फैसले के बाद अब अरुणाचल प्रदेश में फिर से कांग्रेस सरकार बहाल होगी। कोर्ट ने कहा है कि राज्यपाल को वक्त से पहले विधानसभा का सत्र बुलाने का भी हक नहीं है।

न्यायमूर्ति जेएस शेखर की अध्यक्षता वाली पांच न्यायाधीशों की संविधान पीठ ने फरवरी में फैसला सुरक्षित रख लिया था। दरअसल, अरुणाचल के स्पीकर नबम रेबिया ने सुप्रीम कोर्ट में ईटानगर हाईकोर्ट के उस फैसले को चुनौती दी थी, जिसमें 9 दिसंबर को राज्यपाल जेपी राजखोआ के विधानसभा के सत्र को एक महीने पहले ही 16 दिसंबर को ही बुलाने का फैसले को सही ठहराया था। इसके बाद 26 जनवरी को राज्य में राष्ट्रपति शासन लगा दिया गया और कांग्रेस की नबम तुकी वाली सरकार परेशानी में आ गई, क्योंकि 21 विधायक बागी हो गए। 

इससे कांग्रेस के 47 में से 26 विधायक रह गए। सुप्रीम कोर्ट ने 18 फरवरी को दूसरी सरकार बनने से रोकने की तुकी की याचिका नामंजूर कर दी। 19 फरवरी को सुप्रीम कोर्ट मे सुनवाई के दौरान ही बागी हुए कालीखो ने 20 बागी विधायकों और 11 बीजेपी विधायकों के साथ मुख्यमंत्री की शपथ ले ली और सरकार बना ली।