नार्थ-ईस्ट से लेकर पाकिस्तान तक, 2000 किमी तक छाया सुपरफॉग

नई दिल्ली(4 जनवरी): बुधवार को सुबह 9.30 बजे, भारतीय उपमहाद्धीप का 2000 किमी कोहरे की चपेट में था। पश्चिम में केंद्रीय पाकिस्तान से इंडो गैंगटिक प्लेन और त्रिपुरा समेत नार्थ-ईस्ट के कई इलाके कोहरे की चादर में लिपटे थे। मौसम वैज्ञानिकों का दावा है कि यह दुनिया की सबसे बड़ी कोहरे की चादर है। इसका खुलासा सेटेलाइट इमेज से हुआ। 

इस बारे में आईजीआई मेट के हेड डॉ. आरके.जेनामनी का कहना है कि आज तक पूरी दुनिया में इतने बड़े क्षेत्र में कोहरे की चादर कभी नहीं देखी गई। चीन और कैलिफोर्निया प्लेन एरिया में भी आज तक ऐसा नहीं हुआ। उन्होंने कहा कि पूरी दुनिया में इंडो-गैंगटिक रीजन का क्षेत्र सबसे ज्यादा है, जो 1500 से दो हजार किलोमीटर तक फैला है। यहां बीते 8 दिनों तक कोहरा छाया रहा। 

उनका अनुमान है कि कोहरे की यह स्थिति अगले चार से पांच दिनों तक बनी रहेगी। दिल्ली में जनवरी के शुरुआती दिनों में पिछले दो सालों में कोहरे का ऐसा पैटर्न नहीं दिखाई दिया। लेकिन 2018 के शुरुआती दिनों में ऐसी स्थिति बनी है। यही वजह है कि कोहरा लगातार दिल्ली समेत पूरे उत्तर भारत में बना हुआ है। 

मौसम विभाग के डिप्टी डायरेक्टर जनरल डॉ. देवेंद्र प्रधान ने कहा कि दिल्ली और आसपास के इलाकों में अगले पांच दिनों तक इसी तरह स्थिति बनी रहेगी। हवा की रफ्तार धीमी होने के कारण वातावरण में नमी बनी है और कोहरा बना हुआ है। 

मौसम विभाग के डिप्टी डायरेक्टर जनरल डॉ. देवेंद्र प्रधान ने कहा कि दिल्ली और आसपास के इलाकों में अगले पांच दिनों तक इसी तरह स्थिति बनी रहेगी। हवा की रफ्तार धीमी होने के कारण वातावरण में नमी बनी है और कोहरा बना हुआ है। अगले पांच दिनों में सामान्य कोहरा छाने की संभावना है। साथ ही न्यूनतम तापमान 5 से 6 डिग्री सेल्सियस और अधिकतम तापमान 19 डिग्री सेल्सियस के आसपास बना रहेगा।