रोज़ा खोलने के बहाने यमन के सुरक्षा बलों पर फिदाईन हमले, 40 मरे

नई दिल्ली (28 जून): यमन  में सिक्योरिटी फोर्सेस को निशाना बनाकर किए गए चार अलग-अलग फिदाईन हमलों में कम से कम 42 लोग मारे गए। इन चारों हमलों में एक जैसी रणनीति अपनायी गयी थी। चारों हमलावर सुरक्षाबलों के नज़दीक पहुंचे और साथ में रोज़ा खोलने की गुजारिश की। जैसे ही सुरक्षाबलों ने फिदाईन को दस्तरखान पर बैठाया उसने खुदको उडा़ लिया। इन सभी हमलों की जिम्मेदारी आईएस ने ली है।

अमेरिका के साइट इंटेलिजेंस ग्रुप के अनुसार आईएस ने इन हमलों की जिम्मेदारी लेते हुए कल एक बयान में कहा कि उसके आठ आत्मघाती हमलावरों के हमले में यमनी सुरक्षाबलों के 50 सदस्य मारे गए। प्रांत के गवर्नर अहमद सईद बिन ब्रेयक ने पूर्व में कहा था कि मुकल्ला में चार क्षेत्रों में आत्मघाती हमले हुए हैं। एक सुरक्षा अधिकारी ने बताया कि तटीय शहर में सूर्यास्त के समय सुरक्षा चौकियों को एक साथ तीन जगह उस समय निशाना बनाया गया जब जवान अपना रोजा खोल रहे थे।

अधिकारी ने बताया कि इसके कुछ ही देर बाद दो आत्मघाती हमलावरों ने चौथा हमला किया और एक सैन्य शिविर के प्रवेश द्वार पर स्वयं को उड़ा लिया। हदरामावत के स्वास्थ्य प्रमुख रियाद अल जलीली ने बताया कि कुल मिलाकर 40 जवान मारे गए और घटनास्थल के पास से गुजर रही एक महिला एवं बच्चे की भी मौत हो गई। हमलों में 37 अन्य लोग घायल हुए हैं।