'NO BRA, NO PROBLEM' : ड्रेसकोड के ख़िलाफ़ स्टूडेंट्स का 'Braless Protest'

नई दिल्ली (8 जून) : अमेरिका के मोंटाना में छात्राओं ने स्कूल के एक फरमान का अनोखे ढंग से विरोध किया। असल में एक छात्रा को इस बात के लिए फटकार लगाई गई थी कि उसने शर्ट के नीचे ब्रा नहीं पहनी थी। कहा गया था कि इससे दूसरे छात्र असहज हो सकते हैं। ये बात स्कूल की अन्य छात्राओं को इतनी नागवार गुज़री कि उन्होंने स्कूल के गेट पर बिना ब्रा पहने विरोध प्रदर्शन किया।

सीनियर छात्रा केटलिन जुविक ने अनिवार्य रूप से ब्रा पहनने के फरमान के खिलाफ विरोध प्रदर्शन की अगुआई की। दरअसल, हेलेना हाईस्कूल, मोंटाना के स्कूल की इस छात्रा को उसकी टीचर ने 'शोल्डरलेस ब्लैक ब्लाउज़' के नीचे अंडरगार्मेंट नहीं पहनने पर डांट लगाई थी और 'कवर अप' करने के लिए कहा था।  

स्कूल की छात्राओं ने ना सिर्फ स्कूल में प्रदर्शन किया बल्कि 'नो ब्रा, नो प्रॉब्लम' के नाम से फेसबुक ग्रुप भी शुरू कर दिया। इन छात्राओं का कहना है कि उन्हें ये ना सिखाया जाए कि उन्हें क्या पहनना है।

केटलिन ने कहा, "मुझे जिस बात के लिए कहा गया वो गलत था...जब तक कुछ दिख नहीं रहा हो और आप कवर्ड अप हो तो लड़कियों को ब्रा पहनने की ज़रूरत नहीं रहती।"   

एमटीएन न्यूज़ की रिपोर्ट के मुताबिक"किसी ने कहा कि केटलिन ने जिस तरह की ड्रेस पहनी है उससे कुछ असहज हो रहे हैं, जिस वजह से उसे टीचर ने टोका।"  इस पर केटलिन ने मीडिया से कहा कि ये अगर उनका शरीर सही ढंग से ढका हुआ है तो ये किसी और के लिए चिंता की बात नहीं होनी चाहिए।   

केटलिन ने कहा, असल में जिस तरह मुझे कहा गया कि लोग असहज महसूस कर रहे हैं तो इस पर मुझे आपत्ति है क्योंकि ये मेरा शरीर है। मेरा प्राकृतिक शरीर। मुझे नहीं पता कि ये दूसरे के लिए कैसे असहजता उत्पन्न कर सकता है।

स्कूल प्रिंसिपल स्टीव थेनिस ने इस विवाद पर कहा कि "स्टूडेंट्स के अंडरगार्मेंट्स को चेक करना शुरू नहीं किया जा सकता। हम सिर्फ उन्हें शालीन ढंग से ड्रेस पहनने के लिए कह सकते हैं। और अगर हमें लगेगा कि ड्रेस उपर्युक्त नहीं है तो चाहे वो छात्र हो या छात्रा, उसे कवर अप के लिए कहा जाएगा।"

'नो ब्रा, नो प्रॉब्लम' पेज को अंतरराष्ट्रीय समर्थन मिल रहा है। इस पेज पर दुनिया भर से संदेश आ रहे हैं।  

फेसबुक यूजर पैट्रिक मोनबेलियू ने कहा- 'मैं आपको बेल्जियम से समर्थन दे रहा हूं।'

एक यूजर माइकल राइट ने कहा, "किसी भी लड़की या महिला को ब्रा तभी पहननी चाहिए जब वो खुद चाहे। किसी और को ये कहने का अधिकार नहीं है कि वो क्या पहने और क्या नहीं पहने। जब हम पुरुष, नहीं चाहें, तो कोई हमें अंडरवियर पहनने के लिए नहीं कह सकता। फिर महिलाओं के साथ ऐसा क्यों?"