Rajasthan: राजस्थान की राजधानी समेत कई जिलों में धारा 144 लागू, जानें क्या-क्या रहेंगी पाबंदियां

राजस्थान की राजधानी जयपुर (Section 144 implemented in Jaipur) समेत अब तक तीन जिलों (कोटा व धौलपुर) में धारा 144 लागू कर दी गई है।

Rajasthan: राजस्थान की राजधानी समेत कई जिलों में धारा 144 लागू, जानें क्या-क्या रहेंगी पाबंदियां
x

जयपुर: राजस्थान की राजधानी जयपुर (Section 144 implemented in Jaipur) समेत अब तक तीन जिलों (कोटा व धौलपुर) में धारा 144 लागू कर दी गई है। अग्निपथ योजना के विरोध प्रदर्शनों को देखते हुये अब जयपुर पुलिस कमिश्नरेट के क्षेत्राधिकार में भी धारा-144 लगा दी गई है। बता दें कि कानून एवं व्यवस्था के मद्देनजर धारा 144 लगाई गई है जो कि 18 अगस्त तक प्रभावी रहेगी। इस दौरान सार्वजनिक स्थलों पर 5 से अधिक लोगों के एकत्रित रहने पर रोक रहेगी। 


बता दें कि धारा- 144 के चलते आगामी 2 महीनों तक बिना अनुमति के रैली, सभा, जुलूस और प्रदर्शनों पर रोक रहेगी। धौलपुर में भी 7 दिनों के लिये धारा-144 लागू की गई है। कोटा में पहले से ही धारा-144 प्रभावी है।


उल्लंघन करने पर होगी कानूनी कार्रवाई

जयपुर के अतिरिक्त पुलिस कमिश्नर अजयपाल लांबा ने इसको लेकर आदेश जारी किये हैं। इन आदेशों में कहा गया है कि किसी भी सभा, रैली और जुलूस के लिए पहले अनुमति लेनी जरुरी होगा। यह अनुमति एसीपी और डीसीपी स्तर के अधिकारी से लेनी होगी। विवाह समारोह, बारात और शवयात्रा पर यह नियम लागू नहीं होगा। आदेश में सोशल मीडिया के माध्यम से भड़काऊ संदेशों को प्रसारित करने और उसे आगे बढ़ाने पर भी पूर्णतया प्रतिबंध लगाया गया है। अगर कोई इस आदेश का उल्लंघन करता पाया गया तो उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जायेगी।


राजधानी जयपुर के अलावा धौलपुर जिले में भी सात दिनों के लिये धारा-144 लागू कर दी गई है। धौलपुर के कार्यवाहक जिला कलक्टर सुदर्शन सिंह तोमर ने इसको लेकर आदेश जारी किये हैं। यहां भी केन्द्र सरकार की अग्निपथ योजना के खिलाफ देशभर में जारी प्रदर्शनों को देखते हुए धारा-144 लगाई गई है। धौलपुर जिले में धारा 144 को 25 जून तक प्रभावी रखा गया। वहीं कोटा जिले में पहले से एक माह के लिए धारा 144 लगाई जा चुकी है।


रामनवमी पर भी लगी थी धारा-144

उल्लेखनीय है कि इससे पहले जयपुर में रामनवमी के अवसर पर धारा 144 लगाई गई थी। करौली हिंसा के बाद प्रदेश के कई जिलों में रामनवमी के अवसर पर सांप्रदायिक तनाव हो गया था। इसके बाद प्रशासन ने राजधानी जयपुर में भी धारा 144 लगा दी थी। करौली हिंसा के बाद प्रदेश के 17 जिलों में धारा 144 लगाई गई थी। जयपुर में धारा 144 लगाने की प्रमुख वजह केंद्र सरकार की अग्निपथ योजना का विरोध होना बताया जा रहा है। 

Next Story