Rajasthan: जाट समाज के पंचों का अजीबोगरीब फरमान, दूल्हे के घोड़ी पर आने और डीजे बजाने पर बैन

राजस्थान के मारवाड़ (Marwar) इलाके के पाली (Pali) जिले में पहले कुमावत समाज (Kumawat Community) और अब जाट समाज (Jat community) द्वारा शादी को लेकर अजीबोगरीब फरमान सुनाए जा रहे हैं।

Rajasthan: जाट समाज के पंचों का अजीबोगरीब फरमान, दूल्हे के घोड़ी पर आने और डीजे बजाने पर बैन
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Rajasthan News: राजस्थान के मारवाड़ (Marwar) इलाके के पाली (Pali) जिले में पहले कुमावत समाज (Kumawat Community) और अब जाट समाज (Jat community) द्वारा शादी को लेकर अजीबोगरीब फरमान सुनाए जा रहे हैं। जाट समाज पांच खेड़ा की बैठक में शादी समारोहों में सामाजिक समानता बनी रही इसको ध्यान में रखते हुये कई बड़े फैसले लिये गये हैं। कालापीपल की ढाणी में आयोजित की गई इस बैठक में तय किया गया कि अब से शादी ब्याह में फिजूलखर्ची नहीं की जायेगी। 


इसके लिये समाज की ओर से कुछ नियम तय किये गये हैं। एक खास बात यह भी है कि समाज के लोगों ने इस प्रस्ताव में यह कहा है कि अगर किसी दूल्हे ने शादी के दौरान उनके इन नियमों को नहीं माना तो उसे दंड दिया जाएगा। दंड के तौर पर उसे समाज से निकाला जा सकता है।


जाट समाज पांच खेड़ा की बीते रविवार को हुई इस बैठक में तय किया गया कि विवाह समारोह के दौरान दूल्हे के घोड़ी पर आने और डीजे बजाने पर पूर्णतया पाबंदी रहेगी। शादी के दौरान दूल्हा दाढ़ी नहीं रखेगा। विवाह समारोह अथवा सामाजिक कार्यक्रम में शराब पीने पर पाबंदी रहेगी। शादी में मायरा कार्यक्रम बेहद समिति लेन-देन के साथ होगा। किसी की मृत्यु होने पर की जाने वाली पहरावनी और ओढ़ावनी की रस्म भी नाम मात्र की होगी।


बता दें कि हाल में जिले के कुमावत समाज के पंचों ने शादी के लिए हैरान कर देने वाले नियम जारी किए थे जहां 19 गांवों के प्रतिनिधियों ने एक सभा में नए नियमों का एक प्रस्ताव पारित किया था। पाली जिले के रोहट में स्थित हनुमान मंदिर में जाट समाज के 5 गावों की बैठक में यह फरमान जारी किए गए। मिली जानकारी के मुताबिक बैठक में पांच गांव (भाकरीवाला, काला पीपल की ढाणी, पिपलिया की ढाणी, माडपुरिया, मंडली दर्जियान) के पंच मौजूद रहे।


पंचों ने सर्वसम्मति से कहा कि आजकल शादी में लाखों रुपए का फिजूलखर्च किया जाता है जिसे रोकने के लिए नियम बनाए गए है। वहीं पंचों ने कहा कि समाज सुधार के यह फैसले को नहीं मानने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। बता दें कि इन 5 गांवों में जाट समाज के करीब 500 घर हैं।


आर्थिक जुर्माना भी लगेगा 

समाज के पंचों का मनाना है कि इन कार्यक्रमों में लोग प्रतिस्पर्धा में बढ़ चढ़कर खर्च करते हैं। इसे आर्थिक रूप से संपन्न परिवार तो निभा लेता है लेकिन गरीब व्यक्ति अनावश्यक ही आर्थिक बोझ के नीचे दब जाता है। लिहाजा कुछ नियमों का पालन किया जायेगा तो समाज में समानता का भाव रहेगा। इन नियमों का उल्लंघन करने वाले पर आर्थिक जुर्माना लगाया जायेगा। 

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